रामनगर । महिला की मृत्यु होने के बाद रामनगर अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ प्रदर्शन करते
- रामनगर अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ जताया रोष, इंसाफ न मिलने पर रामनगर-उधमपुर मार्ग बंद करने की दी चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
रामनगर। रामनगर अस्पताल में उपचार कराई आई एक महिला की मौत हो गई। इससे गुस्साए परिजन ने महिला के शव सहित बुधवार रामनगर अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि अस्पताल में काम करने वाली दो नर्सों की लापरवाही के कारण महिला की जान गई।
मृतका की पहचान कमलेश कुमारी (24) पत्नी रणजीत सिंह निवासी वार्ड नंबर 13 के रूप में हुई है। मृतका की ननद कमला देवी ने बताया कि उसकी भाभी को बुखार था। मंगलवार को उन्होंने उसे रामनगर अस्पताल में जाने के लिए कहा। हम दोनों अस्पताल पहुंचे और वहां डॉक्टर को दिखाया। डॉक्टर ने ग्लूकोज और इंजेक्शन लिख कर दे दिए। हम ग्लूकोज लगवाने के लिए वार्ड में गए। वहां मौजूद दो नर्सों ने ग्लूकोज लगाया और उसमें इंजेक्शन लगाकर चली गईं।
थोड़ी देर बाद भाभी ने कहा कि उसे रिएक्शन हो रहा है। मैंने इस बारे में उन नर्सों को बताने गई तो आगे से दोनों नर्स बदतमीजी पर उतर आईं। 20 मिनट के बाद वार्ड में पहुंची नर्सों ने रिएक्शन के बारे में डॉक्टर को भी नहीं बताया। उसकी भाभी तब तक अधमरी हो चुकी थी। इसके बाद अस्पताल ने उसे उधमपुर रेफर कर दिया और वहां से जम्मू भेज दिया गया। शाम के समय उसकी भाभी की मौत हो गई।
बुधवार सुबह परिजन शव लेकर रामनगर अस्पताल पहुंचे और स्वास्थ्य विभाग के खिलाफ प्रदर्शन करने लगे। परिजन ने दोनों नर्सों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है। थाना प्रभारी पुष्पा देवी भी अस्पताल पहुंचीं। साथ ही एफएसएल टीम भी पहुंच गई और शव का पोस्टमार्टम करवा कर घर वालों के सुपुर्द किया। इस दौरान परिजन ने स्वास्थ्य विभाग को चेतावनी दी कि अगर इंसाफ नहीं मिला तो रामनगर-उधमपुर मार्ग बंद कर प्रदर्शन किया जाएगा।
वहीं, ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर (बीएमओ) हरविंदर सिंह ने कहा कि शव का पोस्टमार्टम करवाया गया है। जैसे ही रिपोर्ट आएगी और जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कड़ी करवाई की जाएगी।