रहबर-ए-तालीम टीचर्स फोरम के सदस्यों ने जम्मू में विशाल रैली में भाग लेने से पहले उधमपुर के मिनी स्टेडियम में बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद वाहनों पर आरईटी टीचर सवार होकर जम्मू में आयोजित की जाने वाली विरोध रैली में शामिल होने के लिए रवाना हो गए।
प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए वरिष्ठ नेता विनोद, जिला प्रधान लेखराज परिहार ने सरकार एवं मौजूदा शिक्षा मंत्री पर आरोप लगाते हुए कहा कि शिक्षा मंत्री शिक्षकों को मात्र नीचा दिखाने का कम कर रहे हैं, जिसकी वजह से शिक्षा का स्तर लगातार गिरता चला जा रहा है। शिक्षा प्रणाली चरमरा रही है।
अपनी मांगों को दोहराते हुए शिक्षकों ने बताया कि कई महीनों से लगातार शिक्षकों को बिना वेतन के काम करना पड़ रहा है। पांच साल का पूरा कर चुके शिक्षकों को स्थायी नहीं किया जा रहा है। कस्तूरबा गांधी ग्रामीण शिक्षा योजना के तहत लगाए गए शिक्षक भी कई सालों से वेतन तथा स्थायी होने का इंतजार कर रहे हैं।
मिड डे मील का भुगतान नहीं होने की वजह से पिछले डेढ़ साल से शिक्षक अपनी जेग से बच्चों को खाना खिला रहे हैं। वेरिफिकेशन तथा स्क्रीनिंग टेस्ट के नाम पर शिक्षकों को बेइज्जत किया जा रहा है। इससे शिक्षकों में सरकार के प्रति भारी रोष है।
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि अपनी मांगों को लेकर सभी शिक्षक आज जम्मू में विरोध रैली निकालने जा रहे हैं, जिसको सफल बनाने के लिए उधमपुर से भी शिक्षक जम्मू में रैली में शामिल होने जा रहे हैं।
प्रदर्शनकारियों में सुकेश खजुरिया, सुखदेव सिंह, प्रीत्तम, भूपेंद्र सिंह, अशोक सेठ, शाम शर्मा, चैन सिंह, प्रमोद, विपिन, सुशील, सुरजीत, विनय, अजय, मानचंद, बलविंदर, मुस्तफा, कुलदीप, रेखा, वंदना, सुनीता, कमलेश, उषा, गीता, आषा, अनील शर्मा, पवन, शमशेर, इंदु, सुधा, सुनील सलारिया, रविंद्र सिंह आदि मौजूद थे।