भद्रवाह। केन्द्रीय विद्यालय के लिए भूमि अधिगृहण के खिलाफ बस्ती गांव के लोगों ने भद्रवाह-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम कर प्रदर्शन किया। राजस्व विभाग और जिला प्रशासन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की गई। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि प्रशासन जबरन जमीन को अधिगृहित करने की कोशिश कर रहा है। यह जमीन 200 से अधिक वर्षों से 40 परिवारों के पास है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि विरोध तब तक जारी रहेगा, जब तक प्रशासन जमीन अधिगृहण का फैसला वापस नहीं लेता। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और एलजी मनोज सिन्हा से मामले में हस्तक्षेप की मांग की।
वहीं इस मामले को लेकर तहसीलदार जीशान ताहिर ने कहा कि वे उच्च न्यायालय के निर्देशों का पालन कर रहे हैं, ताकि राज्य अधिनियम के तहत राज्य भूमि को पुन: प्राप्त किया जा सके।
बता दें, जिला प्रशासन ने भद्रवाह शहर से 14 किमी दूर भद्रवाह-पठानकोट राजमार्ग के साथ अगेली-बस्ती गांव में 100 कनाल कृषि भूमि पर केन्द्रीय विद्यालय स्थापित करने का प्रस्ताव दिया है। नाल्ठी के सरपंच यासिर हुसैन ने कहा कि हम किसी भी विकास के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन जब मामला गरीब लोगों को निशाना बनाने का है, तो वह इसका खुलकर विरोध करेंगे। प्रदर्शनकारी मोहम्मद इकबाल (66) ने कहा कि यह जमीन दशकों से हमारी है। सरकार जबरन इसे अधिग्रहण करने की कोशिश कर रही है।