रामनगर। तहसील रामनगर के अंतर्गत आने वाले सरकारी प्राइमरी स्कूल गडंब की इमारत खस्ताहाल होने के कारण स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को खुले आसमान के नीचे पढ़ाई करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। इस स्थिति को लेकर स्थानीय ग्रामीणों और अभिभावकों में रोष व्याप्त है। उन्होंने शिक्षा विभाग से जल्द स्कूल की नई इमारत का निर्माण करवाने की मांग की है ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
रामनगर तहसील की पंचायत भटयाडी मोडा गडंब में स्थित सरकारी प्राइमरी स्कूल की इमारत को असुरक्षित घोषित करने के बाद स्कूल में पढ़ने वाले सभी बच्चे आसमान के नीचे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।
अभिभावक सुशील सिंह, केवल सिंह, शांति देवी, जगदेव सिंह, शालू राम और लोफी सिंह ने बताया कि वर्ष 2024 में स्कूल की इमारत जर्जर होना शुरू हुई लेकिन शिक्षा विभाग ने इमारत की मरम्मत करवाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाया। छोटे बच्चे जान जोखिम में डालकर लगातार पढ़ाई करते रहे मगर इमारत का निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है।
अभिभावकों का कहना है कि बरसात के दिनों में स्कूल की इमारत और अधिक खस्ताहाल हो गई थी। इमारत की दीवारों और छत से सरिया तक दिखाई देने लगा था, जिससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता था। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कई बार शिक्षा विभाग को अवगत कराया गया, जिसके बाद विभाग ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को मौके पर भेजा। निरीक्षण के बाद भवन को असुरक्षित घोषित कर दिया गया।
भवन असुरक्षित घोषित होने के बाद स्कूल को खाली तो करवा दिया गया, लेकिन अब तक बच्चों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है। ऐसे में शिक्षक और छात्र बिना भवन के ही खुले आसमान के नीचे पढ़ाई करने को मजबूर हैं।
इस समय गर्मियों के मौसम में तेज धूप के बीच छोटे बच्चों को खुले में बैठकर पढ़ाई करनी पड़ रही है, जिससे उनकी पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों और अभिभावकों ने शिक्षा विभाग तथा स्थानीय विधायक से मांग की है कि जल्द से जल्द स्कूल भवन के निर्माण की व्यवस्था की जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो ग्रामीणों और अभिभावकों को मजबूर होकर शिक्षा विभाग के खिलाफ उग्र प्रदर्शन करना पड़ेगा।
कोट
स्कूल की नई इमारत के लिए उच्च अधिकारियों को प्रस्ताव भेज दिया है। खुले आसमान के नीचे बच्चे पढ़ाई तो कर रहे हैं लेकिन बच्चों की सुरक्षा के लिए हमने स्कूल में लगे अध्यापकों को एक रेगुलेशन डालने के लिए कहा था कि बच्चों को सरकारी मिडिल स्कूल सारी में अटैच कर दिया जाएगा लेकिन अभी तक किसी ने कोई जवाब नहीं दिया है।
-गिरधारी लाल, जेडीओ रामनगर शिक्षा विभाग।