उधमपुर। श्रीनगर से जम्मू की ओर आ रही 26402 वंदे भारत एक्सप्रेस में रविवार शाम को तकनीकी फाल्ट आ गया। मनवाल स्टेशन के पास ओवरहेड इक्विपमेंट (ओएचई) में अचानक तकनीकी खराबी आने के कारण ट्रेन लगभग सवा घंटे तक ट्रैक पर ही खड़ी रही। इससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। जानकारी के अनुसार रविवार शाम लगभग 6 बजे जब वंदे भारत एक्सप्रेस मनवाल स्टेशन के नजदीक से गुजर रही थी। तभी ओएचई लाइन में तकनीकी फॉल्ट आ गया। बिजली सप्लाई बाधित होने और तकनीकी खामी के चलते ट्रेन के पहिए अचानक थम गए। इस अचानक आई रुकावट से ट्रेन के अंदर बैठे यात्रियों में असमंजस और चिंता का माहौल बन गया।
रेलवे तकनीकी टीमों ने तुरंत मोर्चा संभाला और युद्धस्तर पर सुधार कार्य शुरू किया। लगातार करीब 1 घंटे 15 मिनट की कड़ी मशक्कत के बाद शाम लगभग 7:15 बजे तकनीकी खराबी को दूर किया जा सका। लाइन दुरुस्त होने और पावर सप्लाई बहाल होने के बाद ही वंदे भारत अपने अगले पड़ाव की ओर रवाना हो सकी।
अन्य ट्रेनों का संचालन भी हुआ बाधित
वंदे भारत के मुख्य मार्ग पर अचानक रुक जाने के कारण पीछे से आ रही अन्य महत्वपूर्ण ट्रेनों के पहिए भी थम गए, जिससे रेल यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। साबरमती एक्सप्रेस को संगर रेलवे स्टेशन पर रोकना पड़ा। हेमकुंड एक्सप्रेस को भी संगर में ही होल्ड किया गया। पठानकोट-उधमपुर डीईएमयू को बजालता स्टेशन पर रोकना पड़ा।
अचानक ट्रेन के खड़े हो जाने और गंतव्य पर पहुंचने में देरी होने के कारण यात्रियों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। रविवार की शाम सफर कर रहे लोगों, पर्यटकों और बुजुर्ग यात्रियों को ट्रेन के अंदर घुप्प अंधेरे या बिना एसी, पंखे के बिताए गए उन पलों में भारी असहजता महसूस हुई। कई यात्रियों की आगे की यात्राएं और योजनाएं भी इस विलंब के कारण प्रभावित हुईं। विशेषज्ञों का मानना है कि रेलवे ट्रैक और ओएचई लाइनों के रखरखाव में ऐसी तकनीकी खामियों का समय रहते समाधान होना बेहद जरूरी है, ताकि वंदे भारत जैसी हाई-स्पीड और वीआईपी ट्रेनों के संचालन पर असर न पड़े और यात्रियों को असुविधा से बचाया जा सके।