तलवाड़ा विस्थापितों के खस्ताहाल घर।
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रियासी। तलवाड़ा में रह कर विस्थापन का दंश झेल रहे विस्थापित मौजूदा समय में तेज हवाएं चलते से ही सहम जाते हैं।
हर समय डर बना रहता है कि क्या पता कब छत टूट जाए। बता दें, वर्ष 1998 के दौरान आतंकवाद के बाद जिला रियासी, राजोरी, रामबन के कई परिवार पलायन कर आए थे। तब उन्होंने तलवाड़ा में बने क्वार्टरों में आश्रय लिया था। ध्यानगढ़ में सलाल प्रोजेक्ट डैम बनाते समय इन क्वार्टरों का निर्माण कर्मचारियों के लिए किया गया था। मौजूदा समय के दौरान क्वार्टरों की हालत काफी खस्ताहाल है। बारिश के दौरान पानी अंदर घुस जाता है।
ओंकार सिंह, छतर सिंह, देवी सिंह, सावित्री देवी ने कहा कि क्वार्टरों की मरम्मत करवाई जाए। वह कई बार प्रशासन के अधिकारियों को ज्ञापन भी सौंप चुके हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। माइग्रेंट एक्शन कमेटी के प्रधान जगदेव सिंह ने कहा कि कश्मीर से विस्थापित हो कर आए कश्मीरी पंडितों को सरकार की तरफ से पक्के घर व क्वार्टर बना कर दिए गए हैं। हमारे पुराने क्वार्टर भी रिपेयर नहीं किए जा रहे हैं।