उधमपुर। वेयर हाउस और ट्रांसपोर्ट नगर बनाने के लिए जिला प्रशासन ने फिर से जमीन तलाशना शुरू कर दिया है। शुरूआत में इनका निर्माण नए बस अड्डे के साथ करने की योजना बनाई जा रही थी। लेकिन, इसको बंद कर दिया गया। अब नई जमीन तलाश कर प्रस्ताव सरकार को भेजा जाएगा।
जम्मू संभाग का दूसरा सबसे बड़ा शहर उधमपुर आज तक वेयर हाउस व ट्रांसपोर्ट नगर से वंचित है। करीब 12 वर्ष से प्रशासन इनके निर्माण का प्रयास कर रहा है, लेकिन कामयाबी नहीं मिल पा रही है। शहर में वेयर हाउस न होने से सारा थोक कारोबार बस अड्डे पर चल रहा है। इस कारण बसों की आवाजाही भी प्रभावित होती है। जबकि, ट्रांसपोर्ट नगर न होने से बड़े वाहनों की मरम्मत करने वाली दुकानें धार रोड और पुराने राजमार्ग के किनारे पर चल रही है। इनके कारण दोनों मार्गों पर वाहनों की आवाजाही प्रभावित होती है।
व्यापार मंडल और चैंबर ऑफ कॉमर्स ने कई बार केंद्रीय मंत्रियों और प्रशासन के समाने इस मांग को रखा है। लेकिन, आज तक इसको लेकर कोई पक्की योजना नहीं बनी। करीब तीन वर्ष पहले जिला प्रशासन ने शहर के स्याल सल्लन इलाके में नया बस अड्डा तैयार करने के साथ वेयर हाउस व ट्रांसपोर्ट नगर तैयार करने की योजना तैयार की थी। लेकिन, इसमें आवश्यकतानुसार जमीन न मिलने पर योजना तैयार नहीं हो सकी। अब प्रशासन ने इसके लिए शहर से बाहर जमीन की तलाश शुरू की है। मौजूदा समय में शहर के साथ लगते थर्ड इलाके में जमीन के चयन का प्रयास किया जा रहा है।
------
वेयर हाउस और ट्रांसपोर्ट नगर को लेकर एक बार फिर से प्रयास तेज किए हैं। प्रशासन इसके लिए गंभीर है। शहर के अंदर इतनी जमीन नहीं है कि ट्रांसपोर्ट नगर और वेयर हाउस का निर्माण किया जा सके। इसलिए, अब दोनों परियोजनाएं शहर से बाहर ही पूरी हो सकती हैं।
- डॉ. जोगेश्वर गुप्ता, नगर परिषद अध्यक्ष, उधमपुर