ऊधमपुर के जिला अस्पताल में आरटीपीसीआर लैव का उद्घाटन करते हुए जिला आयुक्त ऊधमपुर तथा लैव की जानक?
- फोटो : UDHAMPUR
उधमपुर। लगभग पांच महीने के बाद जिला अस्पताल प्रशासन ने अस्पताल में लगाई आरटीपीसीआर प्रयोगशाला को शुरू कर दिया है। इसके लिए फंड की व्यवस्था अस्पताल प्रशासन खुद ही कर रहा है। कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के लिए जम्मू से विशेषज्ञ उधमपुर आ गए हैं। शनिवार को उपायुक्त इंदु कंवल चिब ने प्रयोगशाला का उद्घाटन कर दिया है।
जिला अस्पताल में करीब पांच महीने पहले 30 लाख रुपये में आरटीपीसीआर जांच प्रयोगशाला स्थापित की गई थी। लेकिन, फंड की कमी के कारण इसको शुरू करने में कामयाबी नहीं मिल रही थी। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार हर महीने लैब चलाने के लिए करीब 10 लाख रुपये की जरूरत है। एक हजार टेस्ट का खर्च करीब डेढ़ लाख रुपये होता है।
माइक्रोबायोलॉजिस्ट डॉक्टर सहित पांच से छह कर्मचारियों की जरूरत है। इसके लिए फंड व स्टाफ की मांग को उच्च अधिकारियों के सामने रखा गया था। अब प्रयास शुरू हुए हैं। जम्मू से विशेषज्ञों की टीम ने उधमपुर पहुंचकर कर्मचारियों को प्रशिक्षण देना शुरू कर दिया है। हर रोज करीब सौ टेस्ट करना शुरू किया गया है। तैयारी पूरी होने के बाद उपायुक्त ने शनिवार को प्रयोगशाला का उद्घाटन किया। डाक्टरों ने उपायुक्त को प्रयोगशाला में जांच की प्रक्रिया और रिपोर्ट तैयार करने की जानकारी दी।
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नववर्ष के पहले दिन इस प्रयोगशाला का उद्घाटन किया गया है। जिला अस्पताल प्रशासन ने खुद इसको चलाने की जिम्मेदारी ली है। इससे पहले प्रशासन आरटीपीसीआर टेस्ट के लिए उधमपुर मिलिट्री अस्पताल और जम्मू पर निर्भर था। लेकिन, अब अस्पताल में ही प्रयोगशाला को नियमित तरीके से चलाने का प्रयास किया जाएगा। कोरोना जांच की रिपोर्ट के लिए लोगों को अब कई दिनों का इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
- इंदु कंवल चिब, उपायुक्त, उधमपुर
ऊधमपुर के जिला अस्पताल में आरटीपीसीआर लैव का उद्घाटन करते हुए जिला आयुक्त ऊधमपुर तथा लैव की जानक?- फोटो : UDHAMPUR