उधमपुर। जिला प्रशासन कोरोना की संभावित तीसरी लहर के लिए तैयार है। पंचायत प्रतिनिधियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वह संक्रमण से बचाव के लिए पुख्ता प्रबंध करें। अकारण आवगमन पर रोक लगाएं, यह उनकी जिम्मेदारी है। यह जानकारी डीसी इंदु कंवल चिब ने प्रेसवार्ता के माध्यम से लोगों को आश्वस्त करने हुए दी है। इसके साथ ही कोविड एसओपी का पालन कर स्वयं अपना बचाव करने की अपील की है।
उन्होंने सभी पचायतों को निर्देश दिए हैं वह संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रवेश व निकासी द्वारा को बंद कर दें, ताकि बाहरी लोगों की आवाजाही पर रोक लगाई जा सके।
डीसी ने बताया कि कोरोना संक्रमण की रोकथाम को लेकर की गई जिला प्रशासन की ओर से पुख्ता तैयारियां की गई हैं। जिला अस्पताल में 36 कोविड केयर बैड की संख्या बढ़ाकर 78 की गई है। सीएससी चिनैनी में 50 और रामनगर में 25 बैड की व्यवस्था की है। कोविड केयर सेंटरों में भी सुविधाओं को बढ़ाया गया है। पहले के मुकाबले अब उनके पास बड़े आकार के 291 और 468 ब्रेवो किस्म के आक्सीजन सिलिंडर उपलब्ध हैं। कोरोना संक्रमितों के लिए स्वास्थ्य विभाग के पास 500 मेडिकल किट उपलब्ध हैं। प्रशासन की तरफ से तैयार की गई दो हजार मेडिकल किट भी उपलब्ध हैं। बताया कि मौजूदा समय में 1800 से अधिक मामले सक्रिय हैं। इसके साथ ही मौजूदा संक्रमण की दर 11 प्रतिशत है। रैंडम सैंपलिंग में 57 प्रतिशत लोग संक्रमित मिले रहे हैं। इनके संपर्क में आने से संक्रमित हो रहे लोगों का प्रतिशत 19 प्रतिशत है। ट्रैवलर की संक्रमित दर 18 प्रतिशत हैं। इसलिए हमें रैंडम पॉजिटिविटी दर को कंट्रोल करने की जरूरत है।
बीमार होने पर डॉक्टरों से करें संपर्क
डीसी ने लोगों से अपील है कि वह अपने घरों में स्वयं इलाज करने के बजाए डॉक्टर से सलाह लें। क्योंकि बहुत से लोग हालत ज्यादा खराब होने के बाद ही जिला अस्पताल में आ रहे हैं, जो चिंताजनक है। इसलिए लोगों को जागरूक होने की जरूरत है।
फिर से होगा स्वास्थ्य निधि सर्वे
शहर में 5,52,000 लोगों की आबादी के घर-घर जाकर सर्व स्वास्थ्य निधि सर्वे किया गया। लेकिन इसके बावजूद लोगों ने सही जानकारी नहीं दी है। इसलिए इस सर्वे को दोबारा से शुरू किया जाएगा। साथ ही लोगों को जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम चलाया जाएगा।