ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में पिछले कु छ समय से पाकिस्तानी आतंकियों की मौजूदगी ने एक बार फिर से सुरक्षाबलों की चिंताएं बढ़ा दी हैं। हाल ही में हुई मुठभेड़ की घटनाओं से साफ है कि अब पाकिस्तानी आतंकी श्रीनगर का भी रुख कर रहे हैं। ऐसे में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने अन्य सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर इन पाकिस्तानी आतंकियों के खात्मे के लिए एक विशेष कार्यप्रणाली (मोडस ऑपरेंडी) तैयार की है आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक श्रीनगर जो 2020 की शुरुआत तक बड़े पैमाने पर आतंकवाद से मुक्त था।
घुसपैठ की हो रहीं कोशिशें
पाकिस्तानी आतंकियों की घुसपैठ को लेकर हाल ही में जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीजीपी दिलबाग सिंह ने कहा था कि पाकिस्तान की ओर से लगातार कोशिशें की जा रही हैं। पिछले कुछ महीने में राजोरी और पुंछ सेक्टर को सक्रिय करने की कोशिश की गई। बांदीपोरा, कुपवाड़ा और बारामुला के अलावा हाल में एलओसी के करीब कुछ जगहों से घुसपैठ की कोशिशें हुई हैं जिसमें पाकिस्तान की ओर से कुछ आतंकी घुसपैठ करने में सफल हुए हैं। उनके ऊपर लगातार पुलिस नजर बनाए हुए हैं।
घाटी में 199 आतंकी सक्रिय, 90 पाकिस्तानी
इस बीच अगर इस वर्ष के कश्मीर घाटी के आंकड़ों पर नजर डालें तो अभी तक 150 से अधिक आतंकियों को मार गिराया गया है, जिनमें से 24 के करीब पाकिस्तानी आतंकी हैं। इस बीच प्राप्त आंकड़ों के अनुसार घाटी में करीब 199 आतंकी सक्रिय हैं जिनमें 90 के करीब पाकिस्तानी हैं। इस साल स्थानीय युवाओं की बात करें, जो आतंकी बने हैं तो वो आंकड़ा अब तक वर्ष 2020 के 178 के मुकाबले कुल 97 है जो यह दर्शाता है कि इस वर्ष कम युवाओं ने आतंकवाद का रास्ता अपनाया है।