श्रीनगर। राजस्व संग्रह को बढ़ाने और जीएसटी अनुपालन को और सख्त बनाने के तहत अतिरिक्त आयुक्त स्टेट टैक्सेज परवेज अहमद रैना ने विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ व्यापक समीक्षा बैठक की। इस दौरान फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) धोखाधड़ी के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में डिप्टी कमिश्नर एनफोर्समेंट (सेंट्रल), डिप्टी कमिश्नर आईटी, स्टेट टैक्सेज अधिकारी तथा कश्मीर डिवीजन के अन्य प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान प्रवर्तन उपायों, उन्नत डेटा एनालिटिक्स, 31 दिसंबर 2025 तक की राजस्व प्राप्ति, कैश सेटलमेंट की प्रगति, जेकेजीएसटी अधिनियम की धारा 65 के तहत ऑडिट मामलों, वित्त वर्ष 2021-22 के लिए धारा 73 के तहत समय-सीमा से बाहर हो रहे मामलों आदि महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में यह भी बताया गया कि कश्मीर संभाग ने चालू वित्त वर्ष 2025-26 (31 दिसंबर 2025 तक) में नकद राजस्व में वर्ष-दर-वर्ष 16.55 प्रतिशत की प्रभावशाली वृद्धि और सेटलमेंट राजस्व में 4.56 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। यह उपलब्धि जीएसटी 2.0 ढांचे के तहत लागू दरों के युक्तिकरण उपायों के सकारात्मक परिणामों को दर्शाती है। शेष वित्त वर्ष के लिए निर्धारित राजस्व लक्ष्यों की प्राप्ति सुनिश्चित करने हेतु सर्किलों को नए लक्ष्य भी आवंटित किए गए।
बैठक में जीएसटी 2.0 सुधारों के लाभकारी प्रभावों को भी रेखांकित किया गया जिनसे कर संरचना सरल हुई है। आवश्यक वस्तुओं पर कर बोझ कम हुआ है और निष्पक्ष व्यापार को बढ़ावा मिला है। ब्यूरो