- मंत्री इत्तू बोलीं, उभरती स्वास्थ्य चुनौतियों से निपटने के लिए शोध आधारित पढ़ाई जरूरी
- युवा डॉक्टरों से नैतिकता और करुणा के साथ मरीजों की सेवा की अपील
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रीनगर। कैबिनेट मंत्री सकीना इत्तू ने सरकारी डेंटल कॉलेज में पोस्ट ग्रेजुएट रिसर्च प्रोग्राम कॉन्क्लेव-2026 का वीरवार को उद्घाटन किया। कार्यक्रम में डॉक्टरों, शिक्षाविदों, शोधार्थियों और छात्रों की बड़ी मौजूदगी के बीच मंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य क्षेत्र को मजबूत करने और मरीजों की देखभाल बेहतर बनाने के लिए शोध और नवाचार बेहद जरूरी हैं।
पीजीआरपी जैसे मंच युवा चिकित्सा पेशेवरों को अपना शोध कार्य दिखाने, विचार साझा करने और चिकित्सा विज्ञान में नए बदलाव लाने का मौका देते हैं। मंत्री ने कॉन्क्लेव आयोजित करने के लिए फैकल्टी, छात्रों और आयोजकों की तारीफ की। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक सोच और शैक्षणिक उत्कृष्टता की संस्कृति को बढ़ावा देना समय की मांग है। शोध आधारित पढ़ाई से ही नई स्वास्थ्य चुनौतियों का सामना किया जा सकता है और लोगों को बेहतर इलाज मिल सकता है।
मंत्री ने कहा डॉक्टरों की समाज में अहम भूमिका है। चिकित्सा पेशा सबसे नेक पेशों में से एक है जो इंसानियत की सेवा के लिए समर्पण, करुणा और प्रतिबद्धता मांगता है। उन्होंने युवा डॉक्टरों और शोधार्थियों से नैतिक चिकित्सा पद्धतियों पर टिके रहने और मरीजों की देखभाल व वैज्ञानिक शोध में उत्कृष्टता के लिए लगातार प्रयास करने की अपील की।
इस मौके पर मंत्री ने कहा कि सरकार स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने, चिकित्सा शिक्षा को बढ़ावा देने और पूरे केंद्र शासित प्रदेश में शोध गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है। जीडीसी के प्रिंसिपल ने कॉन्क्लेव के उद्देश्यों की जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने छात्रों और फैकल्टी सदस्यों से बातचीत की और शैक्षणिक व स्वास्थ्य क्षेत्र में उनके योगदान की सराहना की।