मार्तंड तीर्थ के इतिहास पर एक नजर
मट्टन में मार्तंड तीर्थ से करीब एक किलोमीटर दूर मार्तंड सूर्य मंदिर है। इसे काराकोट राजवंश के महाराजा ललितादित्य ने आठवीं शताब्दी में बनवाया था। बताते हैं कि इस मंदिर को मुगल शासनकाल में सिकंदर शाह मीरी ने क्षतिग्रस्त कर दिया था। तब से पूजा पाठ बंद हो गया। अब भी यह मंदिर क्षतिग्रस्त स्थिति में है। पुरातत्व विभाग ने इस मंदिर को अपने अधीन ले रखा है और वो ही इसके सारे इंतजाम करता है। आतंकवाद ग्रस्त रहे अनंतनाग के मट्टन स्थित मार्तंड सूर्य मंदिर में एक अनुमान के अनुसार लगभग सात सौ साल बाद इस साल से पूजन की पहल शुरू हुई है। अब तक तीन बार सामूहिक पूजा-अर्चना हो चुकी है। हाल ही में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने यहां पूजा-अर्चना में भाग लिया था।