वर्ष 2019 में अनुच्छेद 370 को निरस्त करने के बाद यह उनकी पहली रैली होगी। इस संबंध में शनिवार को भाजपा की एक विशेष बैठक हुई। वरिष्ठ नेता और कश्मीर संभाग के प्रभारी सुनील शर्मा ने कहा कि लोकसभा चुनावों को लेकर नियमित बैठकें जिला स्तर, ब्लॉक स्तर और बूथ स्तर पर जारी हैं। रैली में संख्या को लेकर चर्चा हुई ताकि लोग जगह जगह से इसमें शामिल हों। जिस कश्मीर में भाजपा अछूती थी आज हर तबका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति पूरी आस्था रखता है।
वरिष्ठ नेता और वक्फ बोर्ड की चेयरमैन दरख्शां अंद्राबी के अनुसार कश्मीर के लोगों में प्रधानमंत्री से मिलने को लेकर उत्साह है। लोकसभा चुनावों में भाजपा की ओर से सुझाए गए नाम पार्लियामेंट्री कमेटी में गए हैं, जहां से चयन होगा। बता दें कि इससे पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नवंबर 2015 श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर क्रिकेट स्टेडियम में एक रैली को संबोधित किया था जिस समय जम्मू कश्मीर में भाजपा और पीडीपी की गठबंधन सरकार थी।
रैली में एक लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद
भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अल्ताफ ठाकुर ने कहा कि पार्टी के विभिन्न विभागों को अलग-अलग कार्य सौंपे गए हैं। रैली में एक लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। भाजपा के महासचिव और जम्मू-कश्मीर प्रभारी तरुण चुघ चार मार्च को बैठक कर तैयारियों की समीक्षा करेंगे।