राजोरी। जिला विकास परिषद सदस्य और ब्लॉक विकास परिषद अध्यक्ष समेत कई नेताओं ने वीरवार को राजोरी में कांग्रेस का दामन छोड़ दिया। कांग्रेस पर पहाड़ी भाषी समुदाय के एसटी दर्जे की मांग का विरोध करने का आरोेप लगाते हुए उन्होंने पार्टी का दामन छोड़ा है।
थन्नामंडी से डीडीसी सदस्य एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता कयुम मीर ने कांग्रेस को अलविदा कहते हुए बताया कि अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने की मांग को लेकर पहाड़ी समुदाय कई दशक से जद्दोजहद कर रहा है और अनुसूचित जनजाति का दर्जा मांग रहा है। जब से जम्मू और कश्मीर में गुज्जरो और बकरवालों को एसटी का दर्जा मिला तब से पहाड़ियों का संघर्ष जारी है। परिसीमन आयोग की हालिया सिफारिश के बाद पहाड़ी लोगों के लिए भी राजनीतिक आरक्षण प्रदान करने की मांग पर पहाड़ी नेता एक साथ आए हैं। उन्हाेंने कहा कि हमने कांग्रेस के पहाड़ी विरोधी गतिविधियों के विरोध में कांग्रेस से इस्तीफा दिया है। उन्होंने कहा कि वे उस पार्टी में शामिल होंगे जो पहाड़ियों को उनका हक यानी एसटी दर्जा दिलाने में मदद करती है। मीर ने कांग्रेस पर पहाड़ी लोगों के रास्ते में रोड़ा अटकाने का आरोप लगाया और कहा कि कांग्रेस की नीतियों के कारण ही आज कांग्रेस खत्म होने के कगार पर है।