राजोरी। जिले में दिन प्रतिदिन कोरोना संक्रमित मामलों की संख्या बढ़ती जा रही है। मंगलवार को सबसे अधिक 74 मामले सामने आए। जबकि एक व्यक्ति की कोरोना संक्रमण से मौत भी हुई है।
जानकारी के अनुसार के पंज पीर निवासी 42 वर्षीय व्यक्ति को कुछ दिन पहले कोरोना संक्रमित पाए जाने के बाद जीएमसी राजोरी में भर्ती कर उपचार शुरू किया गया। जहां उनकी मंगलवार दोपहर मौत हो मंगलवार को जो नए 74 पॉजिटिव मामले सामने आए हैं उनमें से पांच डॉक्टरोें समेत 10 अन्य हेल्थ केयर वर्कर शामिल हैं। वहीं मंजाकोट स्वास्थ्य ब्लॉक में राजोेरी टाउन भी शामिल है। कुल 28 पॉजिटिव मामले आए हैं, जबकि दरहाल से 13, सुंदरबनी से 17, कालाकोट से 9, नौशेरा से 5 और कंडी हेल्थ ब्लॉक से 2 शामिल हैं।
उपायुक्त के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की विशेष टीमें कोरोना सैंपलिंग का सिलसिला युद्ध स्तर पर जारी रखे हुए हैं। विभाग की विशेष टीमें राजोरी शहर व आसपास के इलाकों के अलावा दूरदराज के गांवों में भी डोर टू डोर कोरोना सैंपलिंग कर रही हैं। इसके अलावा जिले के विभिन्न इलाकों का शहर में कोरोना वैक्सीन का सिलसिला भी युद्धस्तर पर जारी है। खासकर 15 से 17 आयु वर्ग के बच्चों को कोरोना सैंपलिंग करने के लिए जगह-जगह विशेष कैंप लगाए जा रहे हैं।
बीजीबीएस विवि समेत सात और क्षेत्रों माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित
संवाद न्यूज एजेंसी
राजोरी। जिले और शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जहां कोरोना संक्रमित अधिक मामले सामने आ रहे हैं। वहां कम्यूनिटी स्प्रेड से रोकने के लिए उपायुक्त विकास कुंडल ने माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर पाबंदियां लगा दी हैं।
जानकारी के अनुसार राजोरी स्थित बाबा गुलाम शाह बादशाह विश्वविद्यालय (बीजीएसबी विवि) का अधिक स्टाफ पॉजिटिव पाया गया है। इसके चलते विवि परिसर को ही माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर पाबंदियां लगा दी हैं। इसके अलावा फतेहपुर स्थित आईआरपी यूनिट एवं बीएसएफ यूनिट सुंदरबनी और ढंगरी के साथ-साथ नगर परिषद राजोरी के वार्ड-1, नौशेरा की लंगर पंचायत, सियोट की ठंडापानी पंचायत को भी माइक्रो कंटेनमेंट जोन घोषित कर दिया है। उपायुक्त ने डोर टू डोर सैंपलिंग करने और किसी भी तरह के वाहन के आने जाने पर पाबंदी लगा दी है।