बांडीपोरा के सुबल क्षेत्र में पुलिस फायरिंग में एक युवक की मौत हो गई। इस घटना के बाद से क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
पुलिस के अनुसार युवकों ने इंडियन रिजर्व फोर्स बटालियन पर अकारण ही पथराव शुरू कर दिया था।
पुलिस फोर्स के पास खड़ी एक गाड़ी को भी उन्होंने आग लगा लगा दी, जिसके बाद पुलिस ने उग्र भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पहले लाठीचार्ज किया, लेकिन युवकों की संख्या अधिक होने के कारण बाद में उन्हें गोली चलानी पड़ी। इस गोली के कारण एक युवक फरहत अहमद डार की मौत हो गई।
गोलीकांड के बाद पुलिस और युवकों के बीच जमकर पत्थरबाजी हुई। बाद में स्थानीय लोगों को फरहत का शव सौंपा दिया गया। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है।
पुलिस ने इस पूरे मामले में अपना स्पष्टीकरण देते हुए कहा पुलिस फोर्स शांतिपूर्ण तरीके से क्षेत्र में तैनात थी। युवाओं ने ही अचानक पथराव किया। पुलिस ने पहले काफी संयम बरता। इस पथराव के दौरान कुछ जवान भी घायल हुए। जब भीड़ ने उनकी गाड़ी को आग लगा दी तो मामला बिगड़ गया।
सरकारी संपत्ति को बचाने और उग्र भीड़ को खदेड़ने के लिए मजबूरन गोली चलानी पड़ी। पुलिस ने इस पूरी घटना में किसी को भी नहीं उकसाया। लोगों ने शांतिपूर्वक जुमे की नमाज को अता किया और अधिकतर लोग घरों के लिए जा चुके थे।