कठुआ। पिछले चार वर्ष से जिले में दो नए नेशनल हाईवे के लिए चल रही प्रक्रिया पर आखिरकार मुहर लग गई है। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी की ओर से कठुआ-बसोहली-भद्रवाह-डोडा तक भारत माला के अंतर्गत हाईवे मंजूर किए जाने और दियालाचक-छलां-बिलावर-महानपुर-बसोहली को नेशनल हाईवे घोषित किए जाने के बाद क्षेत्र के लोगों में खुशी की लहर है। विशेष रूप से पर्यटन की संभावनाओं के विस्तार के लिए इन परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है।
दियालाचक से छलां तक जहां सड़क का विस्तारीकरण कार्य तेजी से शुरू हो चुका है, वहीं बसोहली-बनी-भद्रवाह सड़क पर भी ग्रेफ तेजी से काम करने में जुटी हुई है। केंद्र सरकार की ओर से लखनपुर-बसोहली-बनी-भद्रवाह-पुलडोडा मार्ग को पहले ही सैद्धांतिक रूप से नेशनल हाईवे घोषित किया जा चुका है। ऐसे में नेशनल हाईवे के रूप में मंजूरी मिलने के बाद इन परियोजनाओं को गति मिलने की भी उम्मीद है।
दरअसल सरकार की ओर से जिले में तीन नेशनल हाईवे सैद्धांतिक रूप से मंजूर किए गए थे। इनमें एक लखनपुर से बसोहली और फिर पंजाब के दुनेरा तो वहीं दूसरा नेशनल हाईवे दियालाचक से छलां और फिर धार रोड़ से उधमपुर को जोड़ने वाला था। तीसरे सैद्धांतिक रूप से मंजूर नेशनल हाईवे में बनी-बसोहली-भद्रवाह मार्ग शामिल है। लेकिन बीते चार साल में की गई कवायद और स्थानीय जनप्रतिनिधियों के व्यक्तिगत हस्तक्षेप के बाद इन परियोजनाओं में भारी बदलाव किया गया है। दियालाचक से छलां-बिलावर-महानपुर से होते हुए एक हाईवे को बसोहली तक प्रस्तावित किया गया है। वहीं दूसरा नेशनल हाईवे कठुआ के लखनपुर से शुरू होकर बसोहली-बनी-भद्रवाह और फिर पुल डोडा को जोड़ने वाला है।
....................
लंबे अर्से बाद धार रोड़ का एक बड़ा हिस्सा होगा अपग्रेड
सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण धार रोड़ का निर्माण वर्ष 1973 में सीपीडब्लूडी द्वारा करवाया गया था। पठानकोट के धार गांव से सेना के उत्तरी कमान को जोड़ने वाले इस 133 किलोमीटर लंबे मार्ग को वर्ष 1990 में बीआरओ की ओर से टेक ओवर किया गया था। हाईवे की डबल लेन स्पेसिफिकेशन के तहत वर्तमान में धार रोड़ की मेंटिनेंस प्रोजेक्ट संपर्क के अंतर्गत की जा रही है। जम्मू कश्मीर प्रदेश में सुरक्षा के लिहाज से भी सुरक्षाबलों की मूवमेंट के लिए यह एक वैकल्पिक मार्ग है। साथ ही घाटी को जोड़ने वाले एक मार्ग के रूप में भी देखा जाता है।
हाईवे के रूप में दियालाचक से छलां-बिलावर-महानपुर और फिर बसोहली मार्ग के विकसित होने से जहां इन इलाकों में हादसों के आशंका को घटाया जा सकेगा। वहीं इन इलाकों में सफर और भी सुगम हो जाएगा।
.............
बसोहली बिलावर बनी में पर्यटन विकास को लगेंगे पंख - डॉ जितेंद्र सिंह
हाल के वर्षों में बसोहली पर्यटन के लिहाज से प्रदेश में एक मुख्य आकर्षण के रूप में उभरा है। वर्तमान नेशनल हाईवे और एक्सप्रेस वे से जुड़कर यह नए नेशनल हाईवे इन इलाकों के लिए पर्यटन और सुगम यात्रा के द्वार खोलेंगे। लंबे समय से क्षेत्र के लोग इन हाईवे की मंजूरी का इंतजार कर रहे थे। यह इलाके में रोजगार के नए अवसर भी लेकर आएगा। जिससे इन इलाकों में विकास का नया अध्याय शुरू होगा। सामरिक दृष्टि से भी यह मार्ग बेहद महत्वपूर्ण हैं। सरकार लोगों की आकांक्षाओं पर खरा उतरने के लिए प्रतिबद्ध है।