नहर की सफाई का औचक निरीक्षण डीसी कठुआ संवाद
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डीसी ने औचक निरीक्षण कर फिर से दिए सफाई करने के आदेश
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। शहर के बीचोबीच बहने वाली कठुआ नहर की डीसिल्टिंग प्रक्रिया पूरी होने के महज दो सप्ताह बाद ही सफाई व्यवस्था की पोल खुल गई। नहर में एक बार फिर जगह-जगह गंदगी के ढेर जमा हो गए हैं। बुधवार को उपायुक्त राजेश शर्मा ने सिंचाई विभाग की ओर से हाल ही में करवाई गई सफाई का औचक निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने पाया कि कई स्थानों पर फिर से कचरे के ढेर लग गए हैं। उन्होंने मौके पर उपस्थित सिंचाई विभाग के अधिकारियों को आदेश दिया कि नहर में दोबारा सफाई करवाई जाए। दरअसल, उपायुक्त को किसानों से शिकायतें मिल रही थी इस बार नहरों की सफाई उचित तरीके से नहीं हुई है। इसके चलते डीसी ने शहर के बीच बहने वाली नहर का निरीक्षण किया। उन्होंने पाया कि डीसी कार्यालय के बाहर, ड्रीमलैंड पार्क के पास और गुरुद्वारा के पास नहर के बीचोबीच फिर से गंदगी के ढेर लग गए हैं। इससे डीसी असंतुष्ट दिखाई दिए और उन्होंने अधिकारियों को जल्द इसकी दोबारा डीसिल्टिंग करवाने को कहा है।
उन्होंने कहा कि सफाई कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। अगर नहर में पानी छोड़ा गया तो नहर में जमा गाद न केवल किसानों के खेतों तक पहुंचेगा बल्कि इससे किसानों पर पर्याप्त सिंचाई पानी मिलने में भी मुश्किल आएगी। बता दें कि फरवरी माह में शुरू हुई जिले की नहरों के लिए डीसिल्टिंग करवाने के लिए लगभग 90 लाख रुपये की राशि खर्च की गई है। इसके लिए अलग-अलग फर्मों को कुल 32 टेंडर आवंटित किए गए थे।
कोटपहले नहर में पानी छोड़ने की तिथि गत 15 मार्च को तय की गई लेकिन मौसम में आए बदलाव और बारिश के बाद नहर में पानी नहीं छोड़ा गया था। बैसाखी से पहले नहरों में पानी छोड़ जाएगा।
- राजेश शर्मा, डीसी