जिले के 145 स्वास्थ्य केंद्रों पर वाटर टेस्टिंग किट उपलब्ध कराई
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। स्वास्थ्य विभाग ने जलजनित रोगों से निपटने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए जिले के 145 स्वास्थ्य केंद्रों पर वाटर टेस्टिंग किट उपलब्ध कराई गई हैं। इनसे पानी की गुणवत्ता की जांच होगी और अशुद्धि पाए जाने पर लोगों को तुरंत सतर्क किया जाएगा।
यह पहल राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के व्यापक प्रयासों का हिस्सा है। इसके तहत सरकार ने संक्रामक और वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम के लिए कई कार्यक्रम लागू किए हैं। इसमें मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया, फाइलेरिया, जापानी इंसेफेलाइटिस, काला-अजार, टीबी, कुष्ठ रोग, एड्स, अंधत्व, पोलियो, हेपेटाइटिस, मस्तिष्क ज्वर और स्वाइन फ्लू के साथ-साथ जलजनित रोग भी शामिल हैं। इस व्यवस्था से कठुआ जिले में स्वास्थ्य सुरक्षा को और मजबूत किया जाएगा। पानी की गुणवत्ता जांच के साथ-साथ जनजागरूकता अभियान भी चलाए जा रहे हैं। यह कदम न केवल स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सुरक्षा सुनिश्चित करेगा बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर रोग-मुक्त समाज की दिशा में भी योगदान देगा।
कोट
अक्सर देखा गया है कि गर्मी के मौसम में दूषित पानी के कारण लोगों के बीमार होने के मामले बढ़ जाते हैं। इससे निपटने के लिए 145 केंद्रों पर वाटर टेस्टिंग किट्स मुहैया करवाई गई हैं।
डॉ. विजय कुमार रैना, मुख्य चिकित्सा अधिकारी