सिंचाई विभाग से नहर की सफाई करने की आस लगाए बैठे किसानों ने सोमवार को खुद ही फावड़ा उठा लिया। उन्होंने नहर की सफाई की और खेतों तक पानी पहुंचाया।
नौशहरा पंचायत के कुआ तथा सुन्दला गांव की हजारों कनाल भूमि की सिंचाई के लिए लंबे समय से नहर का पानी नहीं मिल रहा था। दरअसल, सफाई न होने के कारण खेतों तक नहर का पानी नहीं पहुंच पा रहा था। पंच कासिम दीन ने बताया कि सिंचाई विभाग की अनदेखी के चलते नहर कई स्थानों से टूट चुकी थी। विभाग सफाई भी नहीं कराई थी। इसके कारण पानी खेतों में पहुंचने से पहले ही व्यर्थ में बह जाता था।
उन्होंने कहा कि विभाग के अधिकारियों को नहर की सफाई के लिए कई बार कहा गया, लेकिन किसी ने पहल नहीं की। उन्होंने बताया कि धान की रोपाई का भी समय गुजर रहा है। किसानों ने तीन सौ रुपये प्रति किलो की दर पर बीज लेकर धान की पनीरी लगाई है। नहर की सुविधा होने के बावजूद पानी नहीं मिल रहा था। मजबूरन लोगों को खुद ही एकजुट होकर नहर की मरम्मत कर ली।
किसान पूरण चंद, रतन कुमार, दर्शन सिंह, सुदेश कुमार ने बताया कि विभाग इस नहर पर हर वर्ष इन दिनों दो महीने के लिए एक कर्मचारी भी नियुक्त करता था जो नहर की पूरी तरह
से देखभाल करता था। इस बार कोई कर्मचारी नियुक्त नहीं किया गया। विभाग किसानों से हर वर्ष नहर का अवयाना वसूल करता है परंतु बेहतर सिंचाई इंतजाम नहीं किया जा रहा है।