बिल बुक छीनकर एसडीएम को सौंपी, सिलेंडर आने की जानकारी तलब
अमर उजाला ब्यूरो
बसोहली। रसोई गैस की किल्लत से जूझ रहे लोगों का गुस्सा मंगलवार को गैस वितरण में धांधली देख फूट फड़ा। वहां मौजूद लोगों ने बिल बुक छीन ली और एसडीएम को सौंप दी। एसडीएम ने मामले में अनियमितता लगने पर एजेंसी कर्मियों को निर्देश दिए कि गैस की होम डिलीवरी की जाए। इसके अलावा ट्रक से गैस आने और उसके वितरण का ब्यौरा उन्हें दिया जाए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कसबे में मंगलवार सुबह हिंदुस्तान पेट्रोलियम गैस का सिलेंडरों से भरा ट्रक रामलीला मैदान पहुंचा। उस समय वहां पर उपभोक्ताओं की लंबी लाइन लग गई थी। रसोई गैस की किल्लत से जूझ रहे लोगों में ट्रक आने से उम्मीदें बहुत बढ़ गईं। गैस सिलेंडर के वितरण की प्रक्रिया में कुछ उपभोक्ताओं को सिलेंडर देने के बाद रसोई गैस एजेंसी कर्मियों ने सिलेंडर खत्म होने की घोषणा कर दी।
इस पर उपभोक्ताओं का गुस्सा मुखर हो गया। एक ओर जहां घंटों से लाइन में लगीं महिला उपभोक्ता फूट-फूटकर रोने लगीं तो वहीं पुरुष उपभोक्ताओं ने स्टाक बताने की मांग कर दी। एक उपभोक्ता शिव कुमार पाधा के गैस सिलेंडर स्टाक के बारे में पूछने पर एजेंसी कर्मियों ने बताया कि हमने तीन सौ सिलेंडर का वितरण किया है। इसी बात को लेकर बहस-मुबाहिसे में कुछ लोगों ने एजेंसी कर्मियों से बिल बुक छीन ली और सिलेंडर मिलने से वंचित उपभोक्ताओं को साथ लेकर एसडीएम गुरुमुख सिंह को सौंप दी। एसडीएम ने बिल बुक देखकर पुष्टि की मात्र 27 सिलेंडरों की पर्ची काटी है जिसकी कार्बनकापी बिल बुक में मौजूद थी। इस संबंध में पूछे जाने पर एजेंसी कर्मियों ने एसडीएम को बताया कि हमने बाकी जो सिलेंडर वितरित किए हैं उसकी कार्बनकापी मौजूद नहीं है। उधर वहां मौजूद अन्य उपभोक्ताओं पवन पाधा, मो. एयाज, अजय चौहान आदि ने आरोप लगाया कि एजेंसी वाले गैस का वितरण कामर्शियल यूनिट को ब्लैक कर देते हैं। इन्हीं शिकायतों के मद्देनजर एसडीएम ने एजेंसी कर्मियों को गैस वितरण प्रक्रिया में सुधार लाने के निर्देश दिए।