कठुआ। लंबे समय से मानदेय में बढ़ोतरी किए जाने की मांग कर रही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं ने दिसंबर माह से हड़ताल पर जाने की चेतावनी दे दी है। शुक्रवार को अपनी मांगों का ज्ञापन देने डीसी कार्यालय पहुंची कार्यकर्ताओं ने सरकार पर लगातार उनकी अनदेखी किए जाने का आरोप लगाया है।
आंगनबाड़ी वर्कर्स एंड हेल्पर एसोसिएशन के बैनर तले पहुंची कार्यकर्ताओं का नेतृत्व कर रही सुनीता गुप्ता ने कहा कि बच्चों और महिलाओं के स्वास्थ्य और पोषण की जिम्मेदारी उठाने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर लगातार काम का बोझ बढ़ाया जा रहा है, लेकिन उनके मानदेय में कोई बढ़ोतरी नहीं की जा रही है। वर्तमान समय में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को 51 सौ रुपया जबकि हेल्पर को इसका आधा मानदेय दिया जा रहा है। लगातार बढ़ रही महंगाई के दौर में इतने पैसों में काम करना अब असंभव होता जा रहा है। उन्होंने कहा कि देश के विभिन्न राज्यों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को 15 हजार तक का मानदेय दिया जा रहा है, लेकिन जम्मू-कश्मीर में आज भी उन्हें अपना मानदेय बढ़ाने के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। सरकार की ओर से उनकी मांग पर गौर तो नहीं किया जाता, अलबत्ता कभी इलेक्शन ड्यूटी, कभी पल्स पोलियो और बीते दिनों कोरोना सर्वे में भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से कार्य कराया गया। उनकी इन सेवाओं के बदले में एक भी पैसा आज तक नहीं दिया गया है। जिसके चलते अब उनकी एसोसिएशन ने तय किया है कि अगर सरकार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी नहीं करती है, तो जम्मू कश्मीर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता इसके खिलाफ हड़ताल पर चले जाएंगे और वह तब तक संघर्ष करेंगे जब तक सरकार उनकी मांग पर गौर नहीं करती है। इस मौके पर तनु देवी, रेणुका गुप्ता, किरण बाला, बीना देवी, अनु गुप्ता, अनिता कुमारी आदि कार्यकर्ता भी उपस्थित रही।