एनआईटी श्रीनगर में छात्राओं की शिकायत के बाद हास्टल में आने जाने के समय में छूट दी गई है। इसके साथ ही छात्राओं के लिए पास व्यवस्था को समाप्त कर दिया गया है। अब छात्राएं हास्टल तथा मेन गेट पर रजिस्टर में आने जाने का समय दर्ज करेंगी।
छात्राओं को घर या लोकल गार्जियन के पास जाते वक्त अपने अभिभावकों का सहमति पत्र फैक्स के जरिये उपलब्ध करवाना होगा। अप्रैल से अक्टूबर तक छात्राएं शाम साढ़े सात बजे तक और नवंबर से मार्च तक शाम साढ़े छह बजे तक हास्टल में लौट सकती हैं।
उत्सव मनाने के लिए अब संस्थान प्रशासन से अनुमति लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी। ज्ञात हो कि छात्राओं ने शिकायत की थी कि शाम साढ़े छह के बाद हास्टल से बाहर रहने की उन्हें आजादी नहीं है।
रजिस्ट्रार की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार मेस, साफ-सफाई, गीजर, लैब, क्लास रूम की सुविधा तथा छात्रों के साथ भेदभाव एवं स्टाफ के व्यवहार के संबंध में छात्रों ने आपत्ति जताई थी। इन सब मुद्दों पर 11 अप्रैल को बीओजी की बैठक में विचार किया जाएगा और तय समय पर कार्रवाई का फैसला होगा।
एनआईटी शिफ्ट करने की मांग पर एमएचआरडी सहमत नहीं हुआ है। शिकायत निवारण प्रकोष्ठ का गठन कर दिया गया है। इसके साथ ही जो छात्र घर चले जाएंगे उनके लिए अलग से परीक्षा की व्यवस्था कराई जाएगी।