बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए बृहस्पतिवार को वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच आधार शिविर भगवती नगर जम्मू से भक्तों का पहला जत्था रवाना होगा।
बुधवार देर शाम तक देशभर से सैकड़ों श्रद्धालु शहर पहुंच गए थे। पहले जत्थे में बालटाल और पहलगाम रूट के लिए यात्री रवाना होंगे।
इसके बाद औपचारिक तौर पर 28 जून को दोनों रूट पर यात्रा को आगे रवाना किया जाएगा। रक्षाबंधन पर 21 अगस्त तक चलने वाली श्री अमरनाथ यात्रा 55 दिन की होगी। इससे पहले 2010 में यह यात्रा 55 दिन की रही थी।
श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड के चीफ एग्जीक्यूटिव आफिसर नवीन कुमार चौधरी ने बताया कि यात्रा की सारी तैयारी पूरी कर ली गई है।
उन्होंने साफ किया है कि पंजीकरण के बिना यात्रा के लिए आने वाले यात्रियों को आगे जाने की इजाजत नहीं दी जाएगी। ऐसे यात्रियों के लिए जम्मू में रेलवे स्टेशन के पास वैष्णवी धाम और सरस्वती धाम व जम्मू हाट में ऑन स्पाट पंजीकरण की व्यवस्था रखी गई है।
इसी तरह श्रीनगर पहुंचने वाले यात्रियों को टूरिस्ट रिसेप्शन सेंटर श्रीनगर से ऑन स्पाट पंजीकृत किया जाएगा। पंजीकरण के लिए मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट जरूरी होगा।
पर्यटन विभाग जम्मू के निदेशक सौजन्य शर्मा के अनुसार बृहस्पतिवार सुबह 5:30 बजे आधार शिविर जम्मू से पर्यटन मंत्री जीए मीर पारंपरिक पूजा अर्चना के साथ हरी झंडी दिखाकर पहले जत्थे को रवाना करेंगे।
भगवती नगर के प्रवेश द्वार सुरक्षा घेरे में
श्री अमरनाथ यात्रा के मद्देनजर सुरक्षा प्रबंध कड़े किए गए हैं। यात्री निवास भगवती नगर में प्रवेश द्वार के सभी रास्तों पर जवानों को तैनात किया गया है।
सीआरपीएफ की 38 बटालियन के जवानों ने तवी नदी पर बनाए चौथे पुल पर डेरा जमा लिया है। कनाल रोड, विकास लाइन, गोल गुजराल, बेलिचराना, तालाब तिल्लो और मोहिंदर नगर सहित शहर के सभी इलाकों में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
तवी नदी के किनारे पर भी जवानों को लगाया गया है। यात्री निवास भगवती नगर को सुरक्षा के लिहाज से सील कर दिया गया है।