कोटा में स्थित टाइगर रिजर्व मुकंदरा हिल्स में इस साल दिसंबर तक टाइगर का जोड़ा शिफ्ट कर दिया जाएगा। टाइगर का जोड़ा राजस्थान के ही रणथंभौर टाइगर रिजर्व से वहां भेजा जाएगा।
यह जानकारी वन मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने बुधवार को जयपुर में आयोजित वन विभाग के अधिकारियों की बैठक में दी। खींवसर ने मुकन्दरा हिल्स के चारों तरफ होने वाली फेंसिंग, वन्यजीवों के लिए पेयजल की व्यवस्था एवं अन्य निर्माण कार्यों के लिए डीपीआर बनाने, सर्वे करने आदि के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वहां बाघ भेजे जाने से पहले उनके भोजन का इंतजाम भी किया जाएगा। इसके लिए जोधपुर, अजमेर और कोटा छावनी से सांभर, जोधपुर से चीतल और नीलगायों को वहां छुड़वाया जाएगा। उन्होंने इन इलाकों से इन वन्यजीवों को बेहोश कर वहां भेजने की कार्रवाई में तेजी लाने के निर्देश दिए।
बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव निहाल चन्द गोयल, प्रधान मुख्य वन संरक्षक (होफ) डॉ. ए.के. गोयल एवं मुख्य वन्य जीव प्रतिपालक डॉ. जी.वी. रेड्डी, टाईगर रिजर्व के क्षेत्र निदेश तथा जिला वन संरक्षक एवं अन्य अधिकारी मौजूद थे।
चार साल पहले घोषित किया था टाइगर रिजर्व
मुकुन्दरा हिल्स टाइगर रिजर्व की घोषणा राज्य सरकार ने करीब चार वर्ष पूर्व अप्रेल 2013 में की थी। मुकुन्दरा हिल्स एवं टाइगर रिजर्व 759.99 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है। इसमें क्रिटिकल टाइगर हैबीटाड (कोर) का क्षेत्रफल 417.17 तथा बफर एरिया 342.82 वर्ग किलोमीटर है। दरा, जवाहर सागर, मुकुन्दरा अभयारण्य व चंबल घडि़याल अभयारण्य का कुछ भाग शामिल है।