राजस्थान के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया ने कथित गौ-तस्कर पहलू खान की मौत के मामले में कहा कि पहलू खान एक गौ—तस्कर था और उसके खिलाफ पहले भी गौ—तस्करी के तीन मामले दर्ज हैं।अलवर के बहरोड़ में एक अप्रेल को कथित गौ—तस्करों के साथ हुई मारपीट के बाद एक कथित गौ—तस्कर पहलू खान की मौत हो गई थी।
इस मामले को लेकर सोमवार को राजस्थान विधानसभा में जमकर शोर—शराबा हुआ। कटारिया ने विधानसभा में कहा कि जिस दिन यह घटना हुई उस दिन भी पहलू खान के पास गौवंश को ले जाने के आवश्यक दस्तावेज मौजूद नहीं थे। वहीं, कटारिया ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस वैमनस्यता फैला रही है। सरकार हिंदु—मुस्लिम के आधार पर कोई कार्रवाई नहीं करती। साथ ही गृहमंत्री का कहना था कि जिन लोगोंं ने मारपीट की है उनके खिलाफ भी सरकार ने कार्रवाई की है। पुलिस ने मारपीट करने वालों के खिलाफ 308 में केस दर्ज कर लिए हैं।
गौरतलब है कि तीन अप्रेल को कथित गौ—तस्कर पहलू खान की मौत के बाद से अब भी राजनीति गर्माई हुई है। आरोप—प्रत्यारोप का दौर जारी है। इस घटना की गूंज पहले संसद तक में सुनाई दी थी। हालांकि राज्य का गृह विभाग पहले भी यह स्पष्ट कर चुका है कि जिन लोगों के साथ एक अप्रेल को मारपीट की गई उनके पास ट्रांजिट परमिट नहीं था। जिसकी रिपोर्ट भी केन्द्रीय गृह मंत्रालय को सौंपी जा चुकी है।
घटनाक्रम के तहत एक अप्रेल को बहरोड़ में कथित गौ-तस्करों के साथ गौ-रक्षकों ने मारपीट की थी। जिसके बाद तीन अप्रेल को बहरोड़ के एक निजी अस्पताल में एक कथित गौ-तस्कर पहलू खान की मौत हो गई थी। इसके बाद से यह मामला देश की संसद से लेकर मीडिया की सुर्खियां बना हुआ है।
इस मामले में पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था, जिसमें पुलिस के अनुसार अवैध रूप से गौवंश ले जाने के आरोप में कई लोगों पर केस दर्ज किया, जबकि मारपीट के आरोप में भी कई लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है। पुलिस ने मारपीट करने वालों को गिफ्तार भी किया।