गिरफ्त में आरोपित और सकुशल बच्चा
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एक मासूम का अपहरण उसके किरायेदार ने कर लिया, लेकिन यह अपराध उसने फिरौती मांगने या किसी रंजिश के लिए नहीं किया था। जानिए क्यों उठाया ये कदम...
आमतौर पर अपहरण की घटना के पीछे फिरौती वजह होती है या फिर किसी दुश्मनी के चलते बदला लेना। राजस्थान में एक मासूम के अपहरण की वजह कुछ और रही। अपहरणकर्ता को पुलिस ने आज गिरफ्तार कर उसके पास से बच्चे को दस्तयाब कर लिया।
घटना राजस्थान के कोटा के कुन्हाड़ी इलाके की है। जानकारी के अनुसार, तीन दिन पहले महावीर मीणा के घर से उसके मासूम बच्चे का अपहरण हो गया था। आसपास तलाश करने पर भी जब बच्चा कहीं नहीं मिला तो उन्होंने कुन्हाड़ी थाने में इसकी रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने जगह—जगह दबिश दी और अपहरणकर्ता को धर दबोचा। पुलिस ने बताया कि परिवार वालों ने किरायेदार धनराज केवट पर भरोसा कर बच्चे को उसके साथ खेलने के लिए घर के बाहर छोड़ दिया था, लेकिन धनराज बच्चे को अपहरण कर ले गया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपित धनराज केवट ने अपनी कोई संतान नहीं होने के कारण इस वारदात को अंजाम दिया। जिस वक्त उसने वारदात की उस वक्त वह शराब के नशे में था। धनराज का पत्नी से भी झगड़ा चल रहा था और दूसरी ओर संतान नहीं होने के गम में वह परेशान था। इसी कारण उसने बच्चे का अपहरण किया। तीन दिन तक वह बच्चे को लेकर हाड़ौती संभाग के अलग—अलग क्षेत्रों में घूमता रहा। आखिरकार आज वह भवानीमंडी में पुलिस की गिरफ्त में आ गया।