किसी भी विवाद के निपटारे का सबसे सुगम रास्ता है दोनों पक्षों के बीच बातचीत है। यह बात सार्थक हुई जैसलमेर की रहने वाली नगीना के साथ।
दरअसल नगीन को तीन दिन पूर्व उसके पति ने फोन पर तलाक दे दिया था। जिसकी गुहार नगीना ने राज्य महिला आयोग में की थी। इसके बाद राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष सुमन शर्मा के निर्देश पर जैसलमेर महिला आयोग ने बृहस्पतिवार को दोनों पक्षों को समझाइश के लिए जैसलमेर बुलाया था।
इसमें पुलिस की भी मदद ली गई और नगीन के पति व व उसके परिवार जोधपुर से बुलाया गया। काउंसलिंग जैसलमेर के महिला थाने में की गई। इस दौरान प्रारंभ में दोनों पक्षों पर विभिन्न आरोप लगाए। लेकिन बाद में महिला आयोग की जिलाध्यक्ष सुधा पुरोहित ने नगीना व उसके पति अब्दुल गफार को एक अलग कमरे में ले जाकर समझाइश की।