सीआरपीएफ जवान की उस समय हिम्मत टूट गई जब वो बीमारी से इतना परेशान हो गया और दर्द ना सह पाने के कारण उसने अपनी जीवनलीला ही समाप्त कर ली।
घटना अजमेर के गंज थाना क्षेत्र के सीआरपीएफ ग्रुप केन्द्र द्वितीय से जुड़ी है। यहां सीआरपीएफ के जवान ने फंदे पर झूलकर अपनी जिंदगी को अलविदा कह दिया। पुलिस जांच में प्रथमदृष्टया बीमारी से परेशान होकर मौत को गले लगाने की बात सामने आई है।
मृतक प्रभु सिंह रावत भीलवाड़ा निवासी है। जिसने सीआरपीएफ के ग्रुप केन्द्र द्वितीय में अपने सरकारी क्वार्टर में फांसी का फंदा लगाकर जान दे दी। उसकी पत्नी व बच्चों ने यह नजारा देखा तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। उनकी चीख पुकार सुनकर आए जवानों व अन्य अधिकारियों ने गंज थाना पुलिस को इसकी सूचना दी।
पुलिस ने शव को उतारकर जेएलएन अस्पताल की मोर्चरी में भिजवाया। हालांकि कमरे की तलाशी के दौरान कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ। परिजनों ने पुरानी बीमारी से मृतक प्रभू सिंह के ग्रस्त होने और इससे डिप्रेशन में रहने की बात बताई। पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया।