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पुलिस ने पीटते समय गर्भवती को भी नहीं देखा, दलित परिवार ने लगाए आरोप

Tue, 04 Jul 2017 11:30 AM IST
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
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फाइल फोटो।
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पुलिस की दबंगई और कई मौकों पर मानवता को शर्मसार करने वाली खबरें अब आम हो गई हैं। एक दलित परिवार ने पुलिस पर आरोप लगाए हैं कि उन्हें जमकर पिटा गया और इस दौरान परिवार की गर्भवती को भी नहीं बख्शा।
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राजस्थान के जैसलमेर जिले में पुलिसकर्मियों पर एक दलित परिवार की पिटाई का आरोप लगा है। पोकरण के अस्पताल में भर्ती इस परिवार के सदस्यों का कहना है कि पुलिसवालों ने न केवल उनके साथ जमकर मारपीट की है, बल्कि उनके घर को भी नुकसान पहुंचाया है।

पीड़ितों का कहना है कि पुलिसवालों ने परिवार की चार महिलाओं सहित छह लोगों को उनके घर में ही पीटा है।
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...तो इस विवाद को मान रहा है दलित परिवार कारण

पीड़ित परिवार का कहना है कि पिटाई के दौरान पुलिस ने यह भी नहीं देखा कि परिवार में एक गर्भवती महीला भी है। पुलिस ने उसकी भी पीटाई की। उनका कहना है कि पुलिसवालों को उस पर कोई रहम नहीं आया।

घायलों के अनुसार उनका दूसरे भाई के साथ जमीनी विवाद चल रहा है। यह मामला कोर्ट में भी विचाराधीन है। लेकिन पीड़ित परिवार का आरोप है कि सामने वाले पक्ष ने पुलिसवालों को अपने पक्ष में लेकर उनके साथ मारपीट कराई गई हैं।

​पीड़ितों का कहना है कि जब पुलिस ही उनके साथ इस प्रकार का व्यवहार कर रही है, तो वह किसके पास जाएं।
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