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स्वदेशी जागरण मंच की मांग: अमेजन, फ्लिपकार्ट, वॉलमार्ट की मंजूरी को वापस ले सरकार, कराई जाए सीबीआई जांच

Tue, 28 Dec 2021 04:33 PM IST
सुरेंद्र जोशी पीटीआई, नई दिल्ली

सार

स्वदेशी जागरण मंच के हाल ही में संपन्न राष्ट्रीय सम्मेलन में मांग की गई कि सरकार उक्त कंपनियों व अन्य बहुराष्ट्रीय ई कॉमर्स कंपनियों के भारत में कारोबार की सीबीआई जांच कराए। 
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ई कॉमर्स - फोटो : self
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विस्तार
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आरएसएस से संबद्ध स्वदेशी जागरण मंच (SJM) ने आरोप लगाया है कि देश में कार्यरत विदेशी ई कॉमर्स कंपनियां कानून का खुला उल्लंघन कर रही हैं। मंच ने केंद्र सरकार से मांग की कि वह अमेजन, फ्लिपकार्ट व वॉलमार्ट को भारत में कारोबार की दी गई मंजूरी तत्काल वापस ले और उनकी गड़बड़ियों की सीबीआई जांच कराए। 

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स्वदेशी जागरण मंच के हाल ही में संपन्न राष्ट्रीय सम्मेलन में पारित प्रस्ताव में मांग की गई है कि सरकार उक्त कंपनियों व अन्य बहुराष्ट्रीय ई कॉमर्स कंपनियों के भारत में कारोबार की सीबीआई जांच कराए। मंच का आरोप है कि ये कंपनियां प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (fdi) के नियमों का खुला उल्लंघन कर रही हैं। 

मप्र के ग्वालियर में 26 दिसंबर को संपन्न मंच के 15 वें राष्ट्रीय सम्मेलन में पारित प्रस्ताव में कहा गया है कि मल्टी ब्रांड रिटेल व्यापार में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश को एफडीआई नीति से नियंत्रित किया जाता है। इसके तहत विदेशी खिलाड़ी इन्वेंट्री आधारित कारोबार नहीं कर सकते हैं। उन पर नकद प्रोत्साहन देकर कीमतों को नियंत्रित करने पर भी पाबंदी है। प्रस्ताव में कहा गया है कि ये कंपनियां नियमों का लगातार खुला उल्लंघन कर रही हैं और भारत में बेकाबू ढंग से काम कर रही हैं। 

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