भारतीय रेलवे की मदद से यात्री सिर्फ एक स्थान से दूसरे स्थान तक नहीं पहुंचते हैं बल्कि इससे बड़े पैमाने पर माल की ढुलाई या आपूर्ति भी की जाती है। लोगों के कई पार्सल भी ट्रेन से ही भेजे जाते हैं। इन्हीं पार्सल्स का एक वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। वीडियो में दावा किया जा रहा है कि रेलवे कर्मचारी पार्सल गलत तरीके से ट्रेन से नीचे उतार रहे हैं।
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि बड़े-बड़े पार्सल को कुछ लोग ट्रेन से उतार रहे हैं। इन्हें प्लेटफॉर्म पर उतारने के दौरान वह काफी दूर से ही इन्हें फेंक रहे हैं। इससे उनके अंदर के सामान के टूटने का जोखिम भी बढ़ जाता है। वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स रेलवे पर अपना गुस्सा जाहिर कर रहे हैं। वहीं रेलवे ने भी इस पर अपनी सफाई दी है।
एक ट्विटर यूजर अहमद खबीर ने लिखा, देखिए, रेलवे कैसे आपके पार्सल को ट्रीट करता है। यह गुवाहाटी रेलवे स्टेशन है और समय 20.30 है। यह वीडियो 24 मार्च का है और ट्रेन का नाम नई दिल्ली-डिब्रूगढ़ एक्सप्रेस (12424) है। ये पार्सल अमेजन और फ्लिपकार्ट आदि के हैं।
एक अन्य यूजर प्रवीण कुमार तिवारी ने लिखा, रेलवे में पार्सल सेवा निजी हाथ में है। ये सब निजी ठेकेदार के स्टाफ हैं। यदि सरकारी होते तो पूरे जिम्मेदार होते। एक भी गड़बड़ी होती तो वसूली हो जाती और निलंबन, चार्जशीट अलग से। आज भी इस देश में आईआईटी, एम्स, इसरो, डीआरडीओ सरकारी संस्थान ही सर्वश्रेष्ठ हैं। युद्ध में सरकारी ही जान देते हैं।
नॉर्थ ईस्ट फ्रंटियर रेलवे ने दिया ये जवाब
वहीं नॉर्थ ईस्ट फ्रंटियर रेलवे के सीपीआरओ ने वीडियो को लेकर कहा, यह मार्च 2022 में गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर हुई एक विशेष घटना का पुराना वीडियो है, जिसमें राजधानी एक्सप्रेस से आए लीज पर वीपी शामिल हैं। पार्सल हैंडलिंग, वीपी की लीज वाली पार्टी द्वारा किया गया, न कि रेलवे द्वारा। मामले की पहले ही जांच की जा चुकी है और निजी व्यापारियों द्वारा सामग्री की मिस हैंडलिंग को रोकने के लिए आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाए जा चुके हैं।
अमेजन ने कहा- हमने सुधार के कदम उठाए
इस बीच, अमेजन के प्रवक्ता ने बयान जारी कर सफाई दी है। कंपनी ने कहा, 'एक ग्राहक केंद्रित कंपनी के रूप में हम अपने सभी ग्राहकों के पार्सल की सुरक्षित डिलीवरी को लेकर बहुत सावधानी बरतते हैं। यह वीडियो मार्च 2022 में हमारे ध्यान में आया था। इसके बाद कंपनी ने सुधारात्मक कदम उठाए हैं।