महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का कहना है कि वह महाराष्ट्र में राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) को लागू नहीं होने देंगे। शिवसेना के मुखपत्र सामना में अपने साक्षात्कार में ठाकरे ने कहा कि नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) नागरिकता छीनने को लेकर नहीं है। यह देने के लिए है। हिंदुओं और मुसलमानों दोनों के लिए नागरिकता साबित करना मुश्किल होगा। मैं ऐसा होने नहीं दूंगा।
महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमुख राज ठाकरे के बांग्लादेशी और पाकिस्तानी घुसपैठियों को बाहर निकालने को लेकर मोदी सरकार को अपना समर्थन देने के दो दिन बाद शिवसेना ने 25 जनवरी को कहा था कि इन देशों के मुस्लिम घुसपैठियों को भारत से बाहर निकाला जाना चाहिए।
शिवसेना ने हिंदुत्व की ओर अपनी विचारधारा बदलने के लिए राज ठाकरे पर निशाना साधते हुए कहा था कि वीडी सावरकर और दिवंगत पार्टी संस्थापक बालासाहेब ठाकरे द्वारा प्रसारित विचारधारा के तौर पर हिंदुत्व का मुद्दा लेकर चलना बच्चों का खेल नहीं है। उसने यह कहते हुए उन्हें ताना मारा कि दो झंडे होना दिखाता है कि दिमाग में भ्रम है।