22 अगस्त को हुई घटना के बाद से दोनों आरोपी फरार थे। जबकि मुख्य आरोपी को अपराध की रात में ही गिरफ्तार कर लिया गया था। मगर पुलिस हिरासत से भागने के दौरान तालब में कूदने से उसकी मौत हो गई थी।
असम के नगांव जिले के ढिंग में एक नाबालिग से दुष्कर्म के दो आरोपियों को आखिरकार गिरफ्तार कर लिया गया है। घटना के एक पखवाड़े बाद आरोपी दबोचे गए। इस घटना को लेकर राज्य के लोगों में गुस्सा है और विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।
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पुलिस ने बताया कि एक आरोपी को पड़ोसी राज्य नागालैंड के दीमापुर से और दूसरे को शुक्रवार को असम के मोरीगांव जिले से गिरफ्तार किया गया है।
सीएम ने भी की पुष्टि
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा का कहना है कि असम पुलिस ने ढिंग में हुए दुष्कर्म की घटना में फरार दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को पूछताछ के लिए नगांव सदर पुलिस थाने लाया गया है।
यह है पूरा मामला
बता दें, 22 अगस्त को हुई घटना के बाद से दोनों आरोपी फरार थे। पुलिस ने बताया कि मुख्य आरोपी को अपराध की रात में ही गिरफ्तार कर लिया गया था। मगर जब उसे अपराध स्थल पर ले जाया जा रहा था तो पुलिस हिरासत से भागने के दौरान तालब में कूदने से मौत हो गई थी। असम के नगांव जिले में तीन लोगों ने 14 साल की एक लड़की के साथ कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया था, जिसके बाद सड़कों पर लोगों ने बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस ने बताया कि रात करीब आठ बजे ढिंग इलाके में जब लड़की ट्यूशन से साइकिल पर घर लौट रही थी तो तीन लोगों ने कथित तौर पर उसके साथ मारपीट की और उसके साथ दुष्कर्म किया।
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पुलिस ने बताया कि तफजुल इस्लाम (24) नागांव जिले के ढिंग इलाके में 14 साल की किशोरी के साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म के तीन आरोपियों में से एक था। उस पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और पॉस्को एक्ट की धाराओं के तहत आरोप लगाए गए थे। पुलिस ने दावा किया था कि उसे देर रात अपराध करने की जगह पर ले जाया गया था। तभी वह भागने की कोशिश करने लगा था और इलाके में एक झील में कूद गया था।
कांस्टेबल को लगी थी चोट
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए जाने के बाद तफजुल इस्लाम से पूछताछ की गई और बाद में उसे अपराध स्थल पर ले जाया गया था। यहीं पर उसने भागने की कोशिश की और एक झील में कूद गया था। पुलिस ने तुरंत इलाके की घेराबंदी की और एसडीआरएफ को बुलाया था। एसडीआरएफ ने तलाशी के बाद शव बरामद किया। नागांव के एसपी ने कहा था कि जो कांस्टेबल उसके हाथ में लगी हथकड़ी पकड़े हुए था, उसके हाथ में कुछ चोट आई हैं और उसे इलाज के लिए भेजा गया है।