पी. शेषाद्रि 1978 से तिरुमला देवस्थान की सेवा कर रहे थे। वह 31 जुलाई, 2006 को सेवानिवृत्त हो गए थे, लेकिन उन्हें मंदिर ट्रस्ट का विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी (OSD) बना दिया गया था। टीटीडी दुनिया के सबसे अमीर हिंदू मंदिर का प्रबंधन करता है।
आंध्रप्रदेश के तिरुपति में स्थित भगवान वेंकटेश्वर के प्रसिद्ध मंदिर के वरिष्ठ पुजारी व अधिकारी पी. शेषाद्रि का सोमवार अल सुबह निधन हो गया। वे 'डॉलर शेषाद्रि' के नाम से लोकप्रिय थे। विशाखापट्टनम में दिल का दौरा पड़ने से उनका निधन हो गया।
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शेषाद्रि बंदरगाह शहर विशाखापत्तनम में 'कार्तिक दीपोत्सवम' में भाग लेने के लिए आए थे। इसका आयोजन तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ने किया था। टीटीडी ही तिरुपति में भगवान वेंकटेश के मंदिर का संचालन करता है। शेषाद्रि 73 वर्ष के थे।
टीटीडी सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने सुबह करीब 4 बजे सीने में दर्द की शिकायत की। इसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। उनका अंतिम संस्कार तिरुपति में मंगलवार को किया जाएगा।
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पी. शेषाद्रि 1978 से तिरुमला देवस्थान की सेवा कर रहे थे। वह 31 जुलाई, 2006 को सेवानिवृत्त हो गए थे, लेकिन उन्हें मंदिर ट्रस्ट का विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी (OSD) बना दिया गया था। टीटीडी दुनिया के सबसे अमीर हिंदू मंदिर का प्रबंधन करता है।
यूं पड़ा डॉलर शेषाद्री नाम
वरिष्ठतम पुजारी पाला शेषाद्रि को 'डॉलर शेषाद्रि' के नाम से इसलिए जाना जाता था क्योंकि वह अपने गले की चेन में डॉलर पहनते थे। 1978 में उन्होंने टीटीडी में क्लर्क के रूप में सेवा शुरू की थी। उनकी उल्लेखनीय सेवाओं को देखते हुए कई बार उन्हें सेवा विस्तार दिया गया। उन्होंने दशकों तक टीटीडी की सेवा की।
सीएम रेड्डी समेत कई ने जताया शोक
आंध्र के मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी, टीटीडी बोर्ड के अध्यक्ष वाई वी सुब्बा रेड्डी, कार्यकारी अधिकारी केएस जवाहर रेड्डी और अतिरिक्त कार्यकारी अधिकारी ए वेंकट धर्म रेड्डी ने शेषाद्रि के निधन पर दुख और दुख व्यक्त किया।