तेलंगाना सरकार से कांग्रेस ने कहा, कि कोविड-19 मौतों की ऑडिट करना चाहिए और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करना चाहिए। इससे कोविड-19 पीड़ितों के परिजनों को 50,000 रुपये की मुआवजा राशि आसानी से प्राप्त हो सके।
तेलंगाना कांग्रेस ने टीआरएस सरकार से राज्य में कोविड-19 की मौतों की जांच की मांग की है। कांग्रेस का कहना है कि तेलंगाना सरकार को कोविड-19 मौतों की ऑडिट करना चाहिए और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करना चाहिए। इससे कोविड-19 पीड़ितों के परिजनों को 50,000 रुपये की मुआवजा राशि आसानी से प्राप्त हो सके।
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केंद्र ने हाल ही में सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया है कि राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) ने राज्यों द्वारा राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (एसडीआरएफ) से भुगतान करने के लिए 50,000 रुपये की अनुग्रह राशि तय की है।
कोविड-19 मृतकों की ऑडिट कराने के साथ मृत्यु प्रमाण पत्र जारी करना सरकार का कर्तव्य
रविवार को मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव को लिखे पत्र में, एआईसीसी के प्रवक्ता दासोजू श्रवण ने कहा कि कोविड-19 द्वारा अनाथ पुरुषों, महिलाओं और बच्चों को वित्तीय सहायता देना राज्य सरकार का कर्तव्य था। उन्होंने कहा,‘आप जानते होंगे कि सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के आधार पर, भारत सरकार ने 50,000 रुपये के मुआवजे की घोषणा की है।
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कांग्रेस को लगता है कि मुआवजे की राशि कम है और उसने कोविड -19 के कारण मरने वाले प्रत्येक व्यक्ति के परिवार के सदस्यों को 5 लाख रुपये की मांग की है।’ कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा कोविड-19 मौतों की वास्तविक संख्या नहीं दिखाई गई और मांग की कि सीएम निजी और सरकारी अस्पतालों सहित कोविड -19 मौतों का व्यापक रूप से ऑडिट करने के लिए एक शीर्ष समिति का गठन करें और तेलंगाना में कोविड-19 से मरने वालों की वास्तविक संख्या के बारे जानकारी प्राप्त करें।