बेटी के सम्मान की मुहिम चला रही स्वाति सिंह और उनके पति दयाशंकर सिंह ने रविवार को सिरसागंज में प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने परिवार के खिलाफ अभद्र टिप्पणी के आरोपी बसपा नेताओं पर कार्रवाई की मांग की, साथ ही लोगों से इस लड़ाई में साथ देने को कहा। इस दौरान बसपा सुप्रीमो मायावती के खिलाफ चुनाव लड़ने के सवाल पर स्वाति सिंह ने कहा कि पहले मायावती यह तो साफ करें वे किस सीट से चुनाव लड़ेंगी।
पत्रकार वार्ता में स्वाति सिंह ने कहा कि यह लड़ाई मैंने अपनी बेटी के लिए शुरू की थी, आज लाखों लोग इसमें जुड़कर प्रदेश की सरकार से न्याय की उम्मीद लगाए हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों के सामने मेरे परिवार और बेटी के लिए अपशब्द बोले गए। यूपी सरकार ने आरोपियों पर सिर्फ पॉक्सो लगाकर खानापूरी कर ली लेकिन उसके बाद कोई कार्रवाई नहीं की।
स्वाति सिंह ने कहा कि उनके पति पर कार्रवाई के दौरान हमारे घरों पर दबिश दी गईं लेकिन दूसरी ओर हमारी रिपोर्ट दर्ज होने के बाद बसपा नेता नसीमुद्दीन सिद्दीकी की सिक्योरिटी बढ़ा दी। उन्होंने कहा कि आज सर्व समाज मेरे साथ है।
मायावती के इशारे पर बना दिया डॉन: दयाशंकर
पत्रकार वार्ता में दयाशंकर सिंह ने कहा कि मुझ पर तो दाऊद की तरह कार्रवाई हुई। मेरे मामले पर तो मेरी पार्टी के बडे़ नेता अरुण जेटली ने क्षमा मांगी थी। इसके बाद मुझे पार्टी से निष्कासित किया गया। मायावती और उनके नेताओं ने मेरी छोटी बेटी और पत्नी का नाम लेकर आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया। आज मुकदमा दर्ज होने के बाद भी ये लोग खुलेआम घूम रहे हैं। दयाशंकर सिंह ने मायावती टिकट बेचने का आरोप लगाया। साथ ही बोले कि मुख्यमंत्री ने कहा था कि मैंने तो बुआ के कहने पर जेल भेज दिया। अब प्रदेश और कानून क्या बुआ के कहने पर चलेंगे।