सार
जज नियुक्त करने के लिए दोहराए गए नामों में वकील शिशिर जैन, मनु खरे, ऋषद मुर्तजा, ध्रुव माथुर और विमलेंदू त्रिपाठी के नाम शामिल हैं।
सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम ने सात वकीलों को इलाहाबाद हाईकोर्ट में जज नियुक्त करने की सिफारिश केंद्र को भेजी है। इनमें पांच नाम पुराने व दो नए नाम हैं। सीजेआई एनवी रमण की अध्यक्षता में 14 जुलाई को हुई कॉलेजियम की बैठक में वकील शिशिर जैन, मनु खरे, रिषद मुर्तजा, ध्रुव माथुर और विमलेंदु त्रिपाठी को इलाहाबाद हाईकोर्ट में जज बनाने की एक बार फिर से सिफारिश की गई है।
कॉलेजियम ने जैन, मुर्तजा, माथुर और त्रिपाठी के नामों की सिफारिश अगस्त 2021 में भी की थी, लेकिन केंद्र ने इन नामों को वापस भेज दिया था। वहीं खरे की सिफारिश अक्तूबर 2021 में की गई थी। इसके अलावा दो अन्य वकीलों सौरभ श्रीवास्तव और ओम प्रकाश शुक्ला को भी इलाहाबाद हाईकोर्ट में जज के रूप में नियुक्त करने की सिफारिश की गई है।
इसके अलावा कॉलेजियम ने न्यायिक अधिकारी राधाकिशन अग्रवाल और वकील राकेश मोहन पांडे को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। वहीं न्यायिक अधिकारी राजेश सेखरी को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट में जज के रूप में पदोन्नत करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में दो जजों की नियुक्ति की सिफारिश
एक अन्य फैसले में कॉलेजियम ने न्यायिक अधिकारी राधाकिशन अग्रवाल और वकील राकेश मोहन पांडे को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में न्यायाधीश के रूप में पदोन्नत करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसने न्यायिक अधिकारी राजेश सेखरी को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट में जज के रूप में पदोन्नत करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है। तीन सदस्यीय कॉलेजियम ने ताजा सिफारिशों का फैसला 14 जुलाई को हुई बैठक में किया। इससे संबंधित प्रस्ताव सोमवार को सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर अपलोड किया गया।