अभिषेक बनर्जी ने दो और तीन अक्तूबर को केंद्र सरकार के खिलाफ पार्टी के विरोध प्रदर्शन के लिए शनिवार को हावड़ा से दिल्ली के लिए एक विशेष ट्रेन को चलाने का अनुरोध किया था, जिसे रद्द कर दिया गया है।
तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के महासचिव अभिषेक बनर्जी ने शुक्रवार को विशेष ट्रेन रद्द करने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की आलोचना की।
उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि ट्रेन रद्द करना धोखे का प्रदर्शन है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने रुपये लेने के बाद विशेष ट्रेन को देने से मना कर दिया है। पश्चिम बंगाल के अधिकार की लड़ाई में यह बाधा डालना उनके डर का स्पष्ट प्रमाण है।
उन्होंने कहा कि भाजपा का पश्चिम बंगाल के लोगों से डरते हुए देखना अच्छा लग रहा है।
उन्होंने कहा था, “पश्चिम बंगाल के हक के लिए लड़ाई जारी रहेगी। दुनिया में कोई भी ताकत मुझे पश्चिम बंगाल के लोगों और उनके मौलिक अधिकारों के लिए लड़ने से नहीं रोक सकती है।” उन्होंने आगे कहा था कि वह दो और तीन अक्तूबर को दिल्ली में होने वाले प्रदर्शन में शामिल रहेंगे। बता दें, इससे पहले बनर्जी से 13 सितंबर को साल्टलेक में ईडी कार्यालय में अभिषेक से नौ घंटे तक लंबी पूछताछ की गई थी। ईडी कार्यालय से बाहर आने के बाद, उन्होंने पत्रकारों से कहा था कि उन्हें ईडी ने विपक्षी दलों की बैठक में जाने से रोकने के लिए यह दिन चुना है। अभिषेक ने आरोप लगाया था कि ईडी और सीबीआई पिक एंड चूज के आधार पर मामलों को आगे बढ़ा रही हैं।
यह है कार्यक्रम
गौरतलब है कि तृणमूल ने बंगाल की मांगों को लेकर दो और तीन अक्तूबर को दिल्ली में घेराबंदी कार्यक्रम की घोषणा की है। इसमें हिस्सा लेने के लिए अभिषेक का दिल्ली जाने का कार्यक्रम है। ईडी ने अभिषेक को तीन अक्तूबर को सुबह 10:30 बजे सीजीओ कॉम्प्लेक्स में उपस्थित होने के लिए कहा है। इसकी जानकारी खुद अभिषेक ने अपने एक्स हैंडल पर दी थी। वहीं, तृणमूल कांग्रेस का एक प्रतिनिधिमंडल तीन अक्टूबर को केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह से मुलाकात करेगा और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत 'बकाया राशि जारी नहीं किए जाने' का मुद्दा उनके समक्ष रखेगा।