कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एम वीरप्पा मोइली ने दिग्गज रणनीतिकार प्रशांत किशोर को कांग्रेस में शामिल करने की वकालत की है। मंगलवार को उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी करीब दो महीने पहले भी पार्टी के लिए रणनीति तैयार करने में प्रशांत किशोर को शामिल करने को लेकर बहुत उत्सुक थीं, लेकिन इस मामले में फिर से देरी हो गई। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एम वीरप्पा मोइली ने मंगलवार इस बात की वकालत की कि चुनावी रणनीतिकार को जल्दी ही पार्टी में शामिल किया जाए।
पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि यह देखना काफी अच्छा है कि सोनिया गांधी ने 2024 के लोकसभा चुनावों के लिए रणनीति बनाने के लिए किशोर को शामिल करने की पहल की है। गुजरात में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर भी वीरप्पा मोइली ने कहा कि उन्होंने गुजरात में विधानसभा चुनावों के लिए पार्टी के पुनरुद्धार योजना और रणनीति बनाई है। उन्होंने यह भी कहा कि 2022-2023 में हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, मेघालय, नागालैंड, त्रिपुरा, मिजोरम, कर्नाटक, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना में विधानसभा चुनाव होने हैं।
पूर्व केंद्रीय मंत्री एम वीरप्पा मोइली ने कहा कि मैं वास्तव में 2023 में आगामी विधानसभा चुनावों और 2024 के लोकसभा चुनावों के लिए कांग्रेस पार्टी को तैयार करने के लिए एक रणनीति तैयार करने के लिए उत्सुक था। सोनिया गांधी प्रशांत किशोर को कांग्रेस में शामिल कराने के लिए बहुत उत्सुक थी। कुछ महीने पहले कांग्रेस पार्टी ने इसके लिए रणनीति बनाई थी, लेकिन किन्हीं कारणों से मामले में देरी हो गई।
पूर्व केंद्रीय मंत्री एम वीरप्पा मोइली ने कहा कि मैंने 5 अप्रैल, 2022 को कांग्रेस अध्यक्ष को एक पत्र लिखा था, जिसमें कांग्रेस के एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए उपयुक्त रणनीति के साथ अन्य धर्मनिरपेक्ष ताकतों और दलों का मुकाबला करने के लिए रणनीति बनाने के लिए कहा था।
मोइली ने बताया कि उन्होंने 25 मार्च को किशोर से मुलाकात की थी और उनसे 2023 के विधानसभा चुनावों और 2024 में लोकसभा चुनावों की रणनीति तैयार करने के लिए कांग्रेस में शामिल होने पर चर्चा की थी। शनिवार को सोनिया गांधी के आवास पर हुई बैठक को लेकर पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मैं काफी उत्साहित हूं कि शनिवार की बैठक को गंभीरता से लिया गया है। मोइली ने कहा कि उन्होंने पहले भी सोनिया गांधी से सिफारिश की थी कि प्रशांत किशोर को पार्टी में शामिल किया जाए।
उन्होंने पिछले साल सितंबर में प्रशांत किशोर को कांग्रेस में शामिल किए जाने का जोर-शोर से समर्थन किया था और कहा था कि जो लोग पार्टी में उनके प्रवेश का विरोध कर रहे हैं वे पार्टी में 'सुधार विरोधी' हैं।