करीब 10 महीनों से ठंडे बस्ते में पड़ी जजों के तबादले से संबंधित फाइलों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को आड़े हाथ लेते हुए स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने के लिए कहा है। शीर्ष अदालत ने सरकार से पूछा है कि कोलेजियम की सिफारिश संबंधी फाइल इतने समय से क्यों लंबित है?
चीफ जस्टिस टीएस ठाकुर और न्यायमूर्ति डीवाई चंद्रचूड़ की पीठ ने केंद्र सरकार की ओर से पेश अटॉर्नी जनरल मुकुल रोहतगी से कहा, जजों के तबादले और नियुक्ति को लेकर सरकार के पास प्रस्ताव रखे हुए हैं। आप बताइए इन पर क्या हो रहा है? अगर सरकार को कोलेजियम की सिफारशिं मंजूर नहीं है तो फाइलें वापस कर देनी चाहिए थी। पीठ ने नाराजगी जताते हुए कहा कि फाइलों को इतने से समय तक ठंडे बस्ते में नहीं रखा जा सकता।