पश्चिम बंगाल में कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज-अस्पताल मामले में भाजपा नेता दिलीप घोष ने राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को घेरा। उन्होंने टीएमसी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर आरोप लगाते हुए कहा कि वे सभी को खरीदना चाहते हैं। भाजपा नेता ने टीएमसी पर मृतक डॉक्टर के परिवार को पैसे देकर मुंह बंद करवाने का भी आरोप लगाया।
पत्रकारों से बात करते हुए दिलीप घोष ने कहा, "वे (टीएमसी और ममता बनर्जी) सभी को खरीदना चाहते हैं। वे पैसे देकर वोट खरीदते हैं। उन्होंने मृतक डॉक्टर के परिजनों को भी पैसे देकर मुंह बंद करवाने की कोशिश की। हालांकि, यह अच्छा हुआ कि परिवार वालों ने पैसे स्वीकार नहीं किए।"
सीबीआई कर रही जांच
बता दें कि फिलहाल सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है। इस मामले में अबतक आरजी कर कॉलेज-अस्पताल के पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष समेत तीन लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। सीबीआई ने कुछ दिन पहले संदीप घोष के करीबी बिरुपाक्ष बिस्वास से पूछताछ की। उन पर विभिन्न अस्पतालों के जूनियर डॉक्टरों को डराने-धमकाने का आरोप लगाया गया था। इसके अलावा उन्होंने सोमवार को टीएमसी नेता निर्मल घोष को भी सीबीआई कार्यालय बुलाया था। टीएमसी नेता पर मृतक की जल्दबाजी में अंतिम संस्कार की व्यवस्था करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने का आरोप है।
क्या है पूरा मामला?
कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज-अस्पताल में जूनियर डॉक्टर के साथ दरिंदगी की घटना नौ अगस्त की है। मृतक मेडिकल कॉलेज में चेस्ट मेडिसिन विभाग की स्नातकोत्तर द्वितीय वर्ष की छात्रा और प्रशिक्षु डॉक्टर थीं। आठ अगस्त को अपनी ड्यूटी पूरी करने के बाद रात के 12 बजे उसने अपने दोस्तों के साथ डिनर किया। इसके बाद से महिला डॉक्टर का कोई पता नहीं चला। घटना के दूसरे दिन सुबह उस वक्त मेडिकल कॉलेज में हड़कंप मच गया जब चौथी मंजिल के सेमिनार हॉल से अर्ध नग्न अवस्था में डॉक्टर का शव बरामद हुआ। घटनास्थल से मृतक का मोबाइल फोन और लैपटॉप बरामद किया गया। पोस्टमॉर्टम की शुरुआती रिपोर्ट से पता चला है कि महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म की घटना हुई थी। जूनियर महिला डॉक्टर का शव गद्दे पर पड़ा हुआ था और गद्दे पर खून के धब्बे मिले। शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया है कि मृतक महिला डॉक्टर के मुंह और दोनों आंखों पर था। गुप्तांगों पर खून के निशान और चेहरे पर नाखून के निशान पाए गए। होठ, गर्दन, पेट, बाएं टखने और दाहिने हाथ की उंगली पर चोट के निशान थे।