कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में महिला डॉक्टर के साथ दुष्कर्म और हत्या के बाद न्याय की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे जूनियर डॉक्टरों ने पूर्ण काम बंद का फैसला शुक्रवार को वापस लिया। वे काम पर लौटेंगे, लेकिन आंदोलन जारी रहेगा। साथ ही उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि अगर अगले 24 घंटों में उनकी मांगें नहीं मानी गई तो वे आमरण अनशन शुरू करेंगे। इससे पहले 10 सूत्रीय मांग को लेकर उन्होंने एसएसकेएम से जुलूस निकालकर जूनियर डॉक्टर धर्मतले पहुंचे और रास्ते पर ही बैठ गए। इस दौरान यहां पर पुलिस से जबरदस्त बहस भी हुई।
सरकार को दिया 24 घंटे का समय
जूनियर डॉक्टर शुक्रवार को एक घड़ी लेकर आए थे। उन्होंने बताया कि वे इस घड़ी को धरना मंच के सामने लटकाएंगे। उन्होंने कहा, हर मिनट, घंटे का हिसाब होगा। इसलिए यह घड़ी धरना मंच पर रहेगी। यदि अगले 24 घंटों में सरकार हमारी मांगें नहीं मानती है, तो हम आमरण अनशन शुरू करेंगे।
डॉक्टरों के विरोध प्रदर्शन में बवाल, पुलिस पर लाठी चार्ज का आरोप
आरजी कर मेडिकल कॉलेज मामले को लेकर जूनियर डॉक्टरों ने आज रैली का आयोजन किया था। अब डॉक्टरों ने पुलिस पर रैली के दौरान हमला करने का आरोप लगाया है। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से विरोध कर रहे थे, तभी पुलिस ने उनके कुछ साथियों की पिटाई कर दी। एक जूनियर डॉक्टर ने कहा कि, सड़क के पास इंतजार कर रहे हमारे दो साथियों को पुलिस ने पीटा है। हमें यहां प्रेस कॉन्फ्रेंस करने की अनुमति मिली थी। हम इस रवैये का विरोध करते हैं और माफी की मांग करते हैं। ऐसा न करने पर हम अपना प्रदर्शन जारी रखेंगे।
आम लोगों के बारे में सोचकर कामबंद लिया वापस
जूनियर डॉक्टरों ने कहा, हम किसी दबाव के कारण कामबंद वापस नहीं ले रहे हैं। आम लोगों की सेवा के बारे में सोचकर हम कामबंद वापस ले रहे हैं। इससे पहले एसएसकेएम से जुलूस निकालकर जूनियर डॉक्टर धर्मतले पहुंचे।
कई बार दुर्घटनाएं हो जाती हैं कोई बचा नहीं सकताः ममता
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने शुक्रवार को आरजी कर मेडिकल की घटना का नाम लिए बिना कहा, कई बार दुर्घटनाएं हो जाती हैं, कोई बचा नहीं सकता। हिंदुस्तान पार्क में एक पूजा समारोह में मुख्यमंत्री ने कहा, बंगाल की बदनामी तो बहुत से लोग करते रहते हैं। दुर्घटनाएं कई बार होती हैं, कोई नहीं बच सकता। दुःखद घटना दुःखद ही रहती है, क्या लोग कभी इसे भूल सकते हैं। लेकिन याद रखना होगा, अगर बंगाल के लोगों का अपमान किया गया, तो मैं इसे कभी नहीं स्वीकार करूंगी। मैं जब तक जीवित रहूंगी, जब तक मेरा दिल धड़कता रहेगा, बंगाल से बाहर, बंगाल का अपमान करने वालों को मैं कहूंगी, उनको सद्बुद्धि मिले।
राज्यपाल ने कहा- भगवान मुख्यमंत्री का भला करें, हिंसा खत्म करके रहूंगा
दूसरी ओर, पश्चिम बंगाल के राज्यपाल डॉ. सीवी आनंद बोस ने शुक्रवार को ही पूर्व मेदिनीपुर के कांथी के 'नांदनिक' क्लब के दुर्गा पूजा का उद्घाटन किया। इस क्लब के साथ भाजपा के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के परिवार का गहरा जुड़ाव है। उद्घाटन के बाद राज्यपाल ने कहा, भगवान राज्य के लोगों और मुख्यमंत्री का मंगल करें। उन्होंने साथ में जोड़ा, मैं बंगाल को प्यार करता हूं। माताओं-बहनों को दुर्गा पूजा की शुभकामनाएं देता हूं। इसके बाद उन्होंने कहा, भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई जारी रहेगी। हिंसा का अंत करके रहूंगा।