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Maharashtra: 'सौ जन्म लेकर भी शरद पवार की सोच को कभी नहीं समझ सकते', राउत ने फडणवीस पर साधा निशाना

Sun, 08 Sep 2024 04:37 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

Maharashtra: राज्यसभा सांसद संजय राउत ने रविवार को महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस की आलोचना करते हुए कहा कि भले ही वह 100 जन्म भी ले लें, तब भी वह यह नहीं समझ पाएंगे कि राकांपा (सपा) सुप्रीमो शरद पवार के दिमाग में क्या चल रहा है।
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संजय राउत - फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
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नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने रविवार को महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस की आलोचना करते हुए कहा कि भले ही वह 100 जन्म भी ले लें, तब भी वह यह नहीं समझ पाएंगे कि राकांपा (सपा) सुप्रीमो शरद पवार के दिमाग में क्या चल रहा है।

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राउत का यह बयान तब सामने आया है, जब कुछ दिन पहले फडणवीस ने दावा किया था कि शरद पवार ने राज्य विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री पद के लिए तीन से चार नामों की सूची बनाई है। लेकिन उद्धव ठाकरे उनमें से नहीं हैं।

शिवसेना (यूबीटी) के नेता ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, क्या फडणवीस को 2019 में पता था कि शरद पवार क्या सोच रहे थे और क्या योजना बना रहे थे? अगर वे सौ बार भी जन्म ले लें, तब भी यह नहीं सोच सकते कि शरद पवार के दिमाग में क्या चल रहा है। अगर राज्य सरकार में कुछ हिम्मत बची है, तो उसे चुनाव की तारीख का एलान करना चाहिए।
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उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल ही में केवल सियासी दलों और उनके नेताओं ही नहीं, बल्कि उनके परिवारों के भीतर भी विभाजन कराया।  



राउत का यह बयान तब सामने आया है, जब हाल ही में उप मुख्यमंत्री ने एक बयान में कहा था कि समाज उन लोगों को पसंद नहीं करता है जो अपने परिवारों को तोड़ते हैं। यह बयान अजित पवार ने गढ़चिरौली में एक रैली के दौरान दिया था, जहां उन्होंने पार्टी नेता और राज्य मंत्री धमाराव बाबा अतराम की बेटी भाग्यश्री को राकांपा (शरद चंद्र पवार) में शामिल होने से रोकने की कोशिश की थी। 

राउत ने कहा, महाराष्ट्र में राजनीतिक पार्टियों और परिवारों को किसने तोड़ा? मोदी और शाह ने रानीतिक पार्टियों औऱ परिवारों में विभाजन कराया। शिंदे और अजित इसका शिकार हुए। उन्हें इस बात को स्वीकार करना चाहिए कि उन्हें पार्टी छोड़ने के लिए धमकाया गया, दबाव डाला गया या लालच दिया गया। 

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