संविधान के अनुच्छेद 370 को हटाने के लिए राज्यसभा में अचानक लाए विधेयक के झटके से विपक्षी सांसद अभी भी उबर नहीं पाए हैं। गुरुवार को उन्होंने मांग की कि सरकार अब और कोई विधेयक अचानक लाकर उन्हें न चौंकाए। दरअसल विपक्ष को आशंका है कि सरकार किसी भी दिन नागरिकता संशोधन विधेयक इसी तरह लाकर उन्हें चौंका सकती है।
सरकार के आश्वासन के बावजूद विपक्षी दल उसे किसी तरह का मौका देने को तैयार नहीं है। इसीलिए उन्होंने अभी से ही तय कर लिया है कि राज्यसभा और लोकसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक पर उनके कौन-कौन से वक्ता होंगे और वे किन मुद्दों को उठाएंगे।
नागरिकता संशोधन विधेयक के जरिए केंद्र सरकार गैर मुसलमान उन सभी भारतीय मूल के लोगों को भारत की नागरिकता देने जा रही है जो बांग्लादेश, अफगानिस्तान, पाकिस्तान, म्यानमार जैसे पड़ोसी देशों में बतौर अल्पसंख्यक रह रहे हैं और प्रताड़ित किए जा रहे हैं। इसके जरिए उन लोगों को भी भारत की नागरिकता मिल जाएगी जो असम के राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर में नहीं आ पाए हैं।