विदेश मंत्रालय ने बताया राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू 13 अक्तूबर से तीन अफ्रीकी देशों - अल्जीरिया, मॉरिटानिया और मलावी की राजकीय यात्रा पर जाएंगी, जो भारत-अफ्रीका के बीच बढ़ती साझेदारी का एक अहम हिस्सा है। विदेश मंत्रालय में सचिव (आर्थिक संबंध) दामू रवि ने एक प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि यह यात्रा अफ्रीकी संघ के पिछले साल भारत की अध्यक्षता में जी-20 शिखर सम्मेलन में इसका सदस्य बनने के बाद हो रही है।
'भारत-अफ्रीका के बीच बढ़ती साझेदारी का प्रतिफल'
उन्होंने कहा, इस यात्रा को एक महाद्वीप के रूप में अफ्रीका के संदर्भ में देखा जाना चाहिए और भारत किस तरह से जुड़ना चाहता है और अफ्रीका के साथ एक मजबूत साझेदारी बनाने की कोशिश कर रहा है। यह भारत-अफ्रीका के बीच बढ़ती साझेदारी का प्रतिफल है। उन्होंने बताया कि अफ्रीका में 54 देश शामिल हैं और यह वैश्विक दक्षिण का मूल है।
अल्जीरिया से शुरू और मलावी में खत्म होगा दौरा
राष्ट्रपति मुर्मू की तीन देशों की यात्रा का पहला चरण अल्जीरिया से शुरू होगा, फिर मॉरिटानिया और मलावी में खत्म होगा। विदेश मंत्रालय में सचिव (सीपीवी एवं ओआईए) अरुण कुमार चटर्जी ने कहा कि राष्ट्रपति मुर्मू अल्जीरियाई राष्ट्रपति अब्देलमदजीद तेब्बौने के निमंत्रण पर 13-15 अक्तूबर तक अल्जीरिया का दौरा करेंगे।
39 वर्षों में किसी राष्ट्राध्यक्ष की पहली यात्रा
उन्होंने कहा, यह भारत के राष्ट्रपति की अल्जीरिया की पहली यात्रा होगी और 39 वर्षों के बाद किसी राष्ट्राध्यक्ष या सरकाराध्यक्ष के स्तर की यात्रा होगी। इसके साथ ही, यह यात्रा राष्ट्रपति तेब्बौने के दूसरे कार्यकाल के लिए शपथ ग्रहण करने के एक महीने के भीतर होगी। अरुण कुमार चटर्जी ने कहा कि भारत और अल्जीरिया के बीच मित्रता के बहुत मजबूत बंधन हैं और द्विपक्षीय संबंध गर्मजोशी भरे और सौहार्दपूर्ण रहे हैं।
16 अक्तूबर को मॉरिटानिया जाएंगी राष्ट्रपति
विदेश मंत्रालय ने कहा कि उनकी यात्रा का अगला चरण मॉरिटानिया होगा, 1960 में अपनी स्वतंत्रता के बाद से भारत से इतने उच्च स्तर के किसी व्यक्ति का इस अफ्रीकी राष्ट्र का दौरा करने का यह पहला अवसर भी है। अपने आगमन के बाद, वह मॉरिटानिया के राष्ट्रपति मोहम्मद औलद शेख अल गज़ौनी के साथ बैठक करेंगी, जिसके बाद वे संस्कृति, विदेश कार्यालय संस्थानों, विदेश कार्यालय परामर्श और राजनयिक और आधिकारिक पासपोर्ट धारकों के लिए वीजा छूट समझौतों से संबंधित चार समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर करेंगी। वह वहां भारतीय समुदाय को भी संबोधित करेंगी।
17 अक्टूबर को मलावी पहुंचेंगी राष्ट्रपति
राष्ट्रपति मुर्मू मलावी के राष्ट्रपति के निमंत्रण पर 17 अक्टूबर को मलावी पहुंचेंगी। वह उनके साथ गुप्त वार्ता भी करेंगी। इसके बाद राष्ट्रपति मुर्मू एक व्यापारिक कार्यक्रम को संबोधित करेंगी और वहां भारतीय प्रवासियों से भी मिलेंगी। विदेश मंत्रालय ने कहा, यह यात्रा मलावी के साथ हमारे मौजूदा मैत्रीपूर्ण और सौहार्दपूर्ण संबंधों को और मजबूत करने की हमारी दृढ़ प्रतिबद्धता की पुष्टि करेगी। दोनों देशों के बीच युवा मामलों, खेल और सांस्कृतिक आदान-प्रदान पर तीन समझौता ज्ञापनों पर भी हस्ताक्षर किए जाएंगे। राष्ट्रपति मुर्मू 19 अक्टूबर को मलावी से भारत के लिए रवाना होंगी।
विदेश मंत्रालय ने कहा, राष्ट्रपति मुर्मू की अल्जीरिया, मॉरिटानिया और मलावी की राजकीय यात्रा अफ्रीका के देशों के साथ अपनी साझेदारी को मजबूत करने की भारत की गहरी इच्छा को दर्शाती है। यह भारत की अध्यक्षता के दौरान अफ्रीकी संघ को जी 20 का स्थायी सदस्य बनाए जाने के एक साल बाद हो रही है।