विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शनिवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रूस और यूक्रेन के शीर्ष नेताओं के साथ मुलाकातें गंभीर संघर्ष में उलझे दो देशों के बीच बातचीत प्रक्रिया की शुरुआत थीं, जिसके बहुत बड़े परिणाम हुए हैं।
'पीएम मोदी दोनों देशों से बात करने रखते हैं क्षमता'
एक समाचार चैनल से बातचीत करते हुए जयशंकर ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी उन बहुत कम विश्व नेताओं में से एक हैं, जिनमें दोनों नेताओं से बात करने की क्षमता है, जो उन पर विश्वास करते हैं। यूक्रेन संघर्ष में मध्यस्थता में भारत की भूमिका पर एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, हम क्या करने की कोशिश कर रहे हैं? आपको जरूरी नहीं कि मध्यस्थता करनी पड़े, कभी-कभी आपको बातचीत करनी पड़ती है। हम वास्तव में, एक साथ दो देशों से बात कर रहे हैं, जो एक-दूसरे के साथ संघर्ष कर रहे हैं।
'जेलेंस्की के साथ तीन, पुतिन के साथ एक बैठक की'
एस. जयशंकर ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की के साथ कम से कम तीन और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ एक बैठक की है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने भी सितंबर में पुतिन से मुलाकात की और उन्हें मोदी की जेलेंस्की के साथ चर्चा के बारे में जानकारी दी। विदेश मंत्री ने कहा, जाहिर है कि यह बातचीत इस बात पर केंद्रित है कि संघर्ष किस बारे में है। एनएसए डोभाल का रूस जाना जरूरी था, ताकि रूसियों को पता चले कि प्रधानमंत्री ने जेलेंस्की से क्या बात की। उन्होंने कहा कि रूस-यूक्रेन संघर्ष तीसरे वर्ष में प्रवेश कर चुका है और इसने दुनिया भर में भारी मानवीय लागत और बड़े आर्थिक परिणाम दिए हैं।
विदेश मंत्री जयशंकर ने पीएम मोदी की तारीफ
उन्होंने ने कहा, आप या तो इस संघर्ष को देख सकते हैं और कह सकते हैं कि हममें से कोई भी इसके बारे में कुछ नहीं कर सकता और कह सकते हैं कि यह जब खत्म होगा, तब खत्म हो जाएगा। या आप कह सकते हैं कि मैं उन कुछ देशों में से एक हूं या हमारे मामले में उन कुछ प्रधानमंत्रियों में से एक हूं, जो वहां बोलने की क्षमता रखते हैं और दोनों पक्ष उन पर भरोसा करते हैं और देखते हैं कि इन बातचीत से कुछ होता है या नहीं।
विश्व के नेता कर रहे भारत की तारीफ- जयशंकर
उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि यह एक बातचीत प्रक्रिया की शुरुआत है। यह कहां ले जाएगा, मैं अभी उस बिंदु पर नहीं पहुंचा हूं। जयशंकर ने कहा कि विश्व के नेता भारत की तरफ से किए जा रहे कार्यों का समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने कहा, लोग आज बहुत खुश हैं। वे कहते हैं कि आपके पास प्रधानमंत्री मोदी जैसा व्यक्ति है जो दोनों राजधानियों में जाने और उस तरह का संवाद करने की क्षमता रखता है।