एनडीए की गठबंधन सरकार में आंध्र प्रदेश की तेदेपा और बिहार की जदयू पार्टी की भूमिका अहम है। ऐसे में कैबिनेट में भी इन दोनों पार्टियों को प्रमुखता मिल सकती है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, तेदेपा को मंत्रिमंडल में चार पद मिल सकते हैं। पूर्व टीडीपी सांसद गल्ला जयदेव ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर साझा किए एक पोस्ट में बताया कि श्रीकाकुला लोकसभा सीट से जीते राम मोहन नायडू को कैबिनेट मंत्री का पद मिलेगा, जबकि गुंटूर से सांसद चंद्रशेखर पेम्मासानी को राज्यमंत्री बनाया जाएगा। गल्ला जयदेव ने दोनों नेताओं को बधाई और शुभकामनाएं दी। राम मोहन नायडू तीन बार लोकसभा सदस्य रहे हैं, जबकि सबसे अमीर सांसद माने जाने वाले पेम्मासानी पहली बार लोकसभा के लिए चुने गए हैं। आंध्र प्रदेश में टीडीपी, भाजपा और जनसेना के एनडीए गठबंधन ने सामूहिक रूप से 25 में से 21 सीटों पर जीत हासिल की। यही वजह है कि मंत्रिमंडल में आंध्र प्रदेश को पर्याप्त जगह मिल सकती है।
नरेंद्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में भाग लेने के लिए राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली पहुंचने पर नेल्लोर निर्वाचन क्षेत्र से नवनिर्वाचित टीडीपी सांसद वेमिरेड्डी प्रभाकर रेड्डी ने कहा, 'जिस तरह से नए सांसदों के साथ व्यवहार किया जा रहा है, वह कुछ खास है। नए सांसदों के लिए अब जो सेवाएं प्रदान की जा रही हैं, वे अप्रत्याशित हैं। अगर मैं आंध्र से हूं, तो एक तेलुगु व्यक्ति मेरे पास आ रहा है। जिस तरह से वे संपर्क कर रहे हैं, जिस तरह से वे काम कर रहे हैं, वह सिस्टम में बड़े बदलाव को दर्शाता है।'
जदयू को दो मंत्रीपद मिलने की बात कही जा रही है। जदयू के कोटे से ललन सिंह और राम नाथ ठाकुर को जगह मिल सकती है। राम नाथ ठाकुर भारत रत्न कर्पूरी ठाकुर के बेटे हैं। साथ ही गिरिराज सिंह और अन्नपूर्णा देवी को भी मंत्री पद दिए जाने की चर्चा है। झारखंड से संजय सेठ को मंत्री बनाए जाने की चर्चा है। उत्तराखंड से अजय टम्टा और राजस्थान से पूर्व मंत्री भूपेंद्र यादव के भी मंत्री बनाए जाने की चर्चा है। महाराष्ट्र से प्रतापराव जाधव के नाम की भी चर्चा है।