पाकिस्तान में पेशावर हाईकोर्ट में दिन दहाड़े देश के एक प्रमुख वकील की हत्या की घटना सामने आई है। कोर्ट के बार रूम में सोमवार को एक अन्य वकील ने अब्दुल लतीफ अफरीदी के शरीर पर गोलियों की बौछार कर दी जिसके बाद उनकी मृत्यु हो गई।
पुलिस ने कहा कि सोमवार को अफरीदी पेशावर हाईकोर्ट के बार रूम में बैठे थे तभी ट्रेनी वकील अदनान ने उन पर गोलियां चला दीं। अस्पताल के प्रवक्ता मुहम्मद आसिम के मुताबिक, वरिष्ठ वकील को तुरंत शहर की लेडी रीडिंग अस्पताल ले जाया गया। वहां पहुंचने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
आसिम ने कहा कि अफरीदी को छह गोलियां मारी गईं। पुलिस ने अदनान को गिरफ्तार कर लिया है। उसे कड़ी सुरक्षा के बीच यहां की आतंकवाद रोधी कोर्ट ले जाया गया। पुलिस को संदेह है कि हमला 'व्यक्तिगत दुश्मनी' के कारण किया गया था। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि अदनान पेशावर हाईकोर्ट परिसर के अंदर पिस्तौल कैसे लाया।
प्रधानमंत्री शरीफ ने हत्या पर व्यक्त किया दुख
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अफरीदी की हत्या पर दुख व्यक्त किया है। उधर पेशावर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अली जमान ने अफरीदी की हत्या के विरोध में खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में अदालतों के दो दिवसीय बहिष्कार की घोषणा की है।
सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रह चुके हैं अफरीदी
79 वर्षीय अफरीदी सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष थे। वह पाकिस्तान में वकीलों के आंदोलन में सबसे आगे थे। इसी आंदोलन के कारण पूर्व मुख्य न्यायाधीश इफ्तिखार मोहम्मद चौधरी की बहाली में हुई थी। 1979 में, अफरीदी को पाकिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति जनरल मुहम्मद जिया-उल-हक ने अपने शासन के मार्शल लॉ के खिलाफ राजनीतिक गतिविधियों में भाग लेने के लिए जेल में डलवा दिया था।